बिहार में खनिज संपदा से बदलेगी तस्वीर: 30 सितंबर तक 30 से ज़्यादा मिनरल ब्लॉक की होगी नीलामी
पटना: बिहार सरकार राज्य की खनिज संपदा का उपयोग कर विकास की गति को तेज करने की तैयारी में है। एक महत्वपूर्ण कदम के तहत, 30 सितंबर तक 30 से ज़्यादा मिनरल ब्लॉक की नीलामी प्रक्रिया पूरी करने का लक्ष्य…
पटना: बिहार सरकार राज्य की खनिज संपदा का उपयोग कर विकास की गति को तेज करने की तैयारी में है। एक महत्वपूर्ण कदम के तहत, 30 सितंबर तक 30 से ज़्यादा मिनरल ब्लॉक की नीलामी प्रक्रिया पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को यह जानकारी दी। उनका इरादा है कि 15 अक्टूबर से इन ब्लॉकों में खनन गतिविधियां भी शुरू कर दी जाएं।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, मुख्यमंत्री पटना में केंद्र सरकार के कोयला और खान मंत्रालय द्वारा आयोजित एक कार्यशाला का उद्घाटन कर रहे थे। इस कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'विकसित भारत' के विजन और 'समृद्ध बिहार' के लक्ष्य को साकार करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने निवेशकों को बिहार में खुले मन से निवेश करने का न्योता देते हुए उनकी पूरी सुरक्षा और सरकारी समर्थन का आश्वासन दिया।
खनिजों का सर्वेक्षण और राजस्व
सीएम चौधरी ने बताया कि राज्य के कुल 44 खनन ब्लॉकों में से 28 में सर्वेक्षण का काम काफी आगे बढ़ चुका है। उन्होंने अधिकारियों को बाकी बचे काम को अगले नौ महीने के भीतर पूरा करने का सख्त निर्देश दिया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत की रक्षा करते हुए इन संसाधनों का उपयोग बिहार की जनता के हित में किया जाएगा।
खनिज भंडारों का जिक्र करते हुए उन्होंने रोहतास में लाइमस्टोन, औरंगाबाद में खनिज संसाधन, और जहानाबाद व जमुई के भंडारों पर प्रकाश डाला। इसके अलावा गया, बांका और भागलपुर में भी अतिरिक्त संभावनाएं तलाशी जा रही हैं। सीएम ने स्पष्ट किया कि इन खनिजों से मिलने वाली रॉयल्टी का इस्तेमाल सीधे तौर पर जनहित और विकास कार्यों में होगा।
निवेश और विकास की व्यापक रणनीति
सम्राट चौधरी ने खनिज विकास को राज्य की व्यापक निवेश रणनीति का हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि राज्य का बजट अब बढ़कर 3.47 लाख करोड़ रुपये हो गया है, जिससे विकास परियोजनाओं को तेज़ी से लागू किया जा रहा है। सरकार का लक्ष्य नवंबर तक 5 लाख करोड़ रुपये का निवेश आकर्षित करना और खनिज से जुड़े केंद्र स्थापित करना है।
उन्होंने कहा, "हम सभी से आग्रह करते हैं कि वे खुले मन से बिहार में निवेश करें। बिहार को आगे बढ़ाने में मदद करें। आप यहां पूरी तरह सुरक्षित हैं और बिना किसी डर के अपना काम करें। बिहार सरकार हर तरह से आपका समर्थन करेगी।" इस मौके पर उन्होंने केंद्रीय कोयला और खान मंत्री जी. किशन रेड्डी के साथ हुई अपनी बातचीत का भी जिक्र किया और केंद्रीय राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे के प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम को केंद्रीय राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे और मंत्रालय के संयुक्त सचिव कदम संदीप वी. ने भी संबोधित किया।
इनपुट: IANS



