बांग्लादेश: शेख मुजीबुर रहमान की बरसी से पहले अवामी लीग के 53 नेता और कार्यकर्ता ढाका में गिरफ़्तार
बांग्लादेश की राजधानी ढाका में पुलिस ने सत्तारूढ़ अवामी लीग के 53 नेताओं और कार्यकर्ताओं को गिरफ़्तार किया है। यह कार्रवाई गुरुवार रात को उस समय हुई जब वे 15 अगस्त को मनाए जाने वाले राष्ट्रीय शोक…
बांग्लादेश की राजधानी ढाका में पुलिस ने सत्तारूढ़ अवामी लीग के 53 नेताओं और कार्यकर्ताओं को गिरफ़्तार किया है। यह कार्रवाई गुरुवार रात को उस समय हुई जब वे 15 अगस्त को मनाए जाने वाले राष्ट्रीय शोक दिवस के लिए एक तैयारी बैठक कर रहे थे। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस (DMP) ने एक प्रेस विज्ञप्ति में इन गिरफ्तारियों की पुष्टि की है।
पुलिस के मुताबिक, ये सभी लोग ढाका के वसुंधरा आवासीय इलाके की एक इमारत में इकट्ठा हुए थे। वे राष्ट्रपिता शेख मुजीबुर रहमान की पुण्यतिथि के अवसर पर एक तैयारी बैठक और फ्लैश मार्च आयोजित करने की योजना बना रहे थे। भटारा पुलिस स्टेशन की एक टीम ने इस अभियान को अंजाम दिया और 53 लोगों को हिरासत में ले लिया। DMP ने बताया है कि गिरफ्तार किए गए लोगों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
गिरफ्तारी पर अवामी लीग की कड़ी प्रतिक्रिया
अवामी लीग ने शुक्रवार को एक बयान जारी कर इन गिरफ्तारियों की कड़ी निंदा की है। पार्टी ने इस कार्रवाई को देश में लोकतांत्रिक अधिकारों और राष्ट्रीय अवसरों को मनाने की स्वतंत्रता के दमन का प्रतीक बताया। पार्टी ने कहा, "राष्ट्रपिता को याद करने के लिए काले बैज पहने पुरुष और महिला कार्यकर्ताओं की अमानवीय गिरफ्तारी और उन्हें 'राष्ट्र-विरोधी' कहना, बीएनपी (बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी) के राजनीतिक दिवालियापन और प्रतिशोध का चरम उदाहरण है।"
पार्टी ने मौजूदा बीएनपी सरकार पर सत्ता खोने के डर से भयभीत होने का आरोप लगाया। अवामी लीग ने कहा कि अब एक सामान्य बैठक को भी 'राष्ट्र-विरोधी साजिश' के रूप में देखा जा रहा है। बयान में यह भी कहा गया कि जब देश की जनता महंगाई, बिजली कटौती और बिगड़ती कानून-व्यवस्था से जूझ रही है, तब सरकार इन मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए अवामी लीग के कार्यकर्ताओं पर दमन कर रही है।
राष्ट्रीय शोक दिवस का महत्व
बांग्लादेश में हर साल 15 अगस्त को राष्ट्रीय शोक दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिन देश के संस्थापक और 'राष्ट्रपिता' कहे जाने वाले शेख मुजीबुर रहमान की पुण्यतिथि का प्रतीक है। 15 अगस्त 1975 को उनकी और उनके परिवार के कई सदस्यों की हत्या कर दी गई थी।
इनपुट: IANS



