बेंगलुरु: फुटपाथ खाली करा रहे अधिकारियों पर हमला, 'नम्मा कर्नाटक सेना' प्रमुख समेत 11 गिरफ्तार
बेंगलुरु के शिवाजीनगर में फुटपाथ से अतिक्रमण हटाने गए सरकारी अधिकारियों पर हमले के मामले में 'नम्मा कर्नाटक सेना' के राज्य अध्यक्ष बसवराज पडुकोटे को गिरफ्तार कर लिया गया है। समाचार एजेंसी IANS की…
बेंगलुरु के शिवाजीनगर में फुटपाथ से अतिक्रमण हटाने गए सरकारी अधिकारियों पर हमले के मामले में 'नम्मा कर्नाटक सेना' के राज्य अध्यक्ष बसवराज पडुकोटे को गिरफ्तार कर लिया गया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने पडुकोटे को इस हमले का मुख्य आरोपी बताया है। इस गिरफ्तारी के साथ ही मामले में पकड़े गए आरोपियों की कुल संख्या 11 हो गई है।
यह घटना मंगलवार को शिवाजीनगर बस टर्मिनल के पास हुई, जब ग्रेटर बेंगलुरु अथॉरिटी (जीबीए) के कर्मचारी 'सेफ फुटपाथ कैंपेन' के तहत अवैध कब्जे हटाने की कार्रवाई कर रहे थे। अधिकारियों का आरोप है कि लोगों के एक समूह ने न केवल काम में बाधा डाली, बल्कि नगर निगम कर्मचारियों के साथ मारपीट की और उन पर पेपर स्प्रे व हेलमेट से हमला भी किया। इस घटना के बाद सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील माने जाने वाले इस इलाके में तनाव बढ़ गया, जिसके चलते भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और मंत्री की सराहना
बेंगलुरु विकास मंत्री कृष्णा बायरे गौडा ने पुलिस की तेज कार्रवाई की प्रशंसा की है। एक्स पर एक पोस्ट में उन्होंने कहा, "शिवाजीनगर में जीबीए अधिकारियों पर हमले की घटना के मुख्य आरोपी बसवराज पडुकोटे को 10 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया गया। उसने अपना फोन बंद कर लिया था और छिप गया था, लेकिन पुलिस ने कई टीमें बनाईं, उसे ट्रैक किया और भागने की कोशिश करते समय उसे गिरफ्तार कर लिया। बेंगलुरु सिटी पुलिस की त्वरित और दृढ़ कार्रवाई के लिए मैं उनका तहे दिल से शुक्रिया अदा करता हूं।" मंत्री ने हमलावरों को "गुंडे" बताते हुए कहा कि इस घटना में शामिल हर व्यक्ति को गिरफ्तार किया जाएगा।
आरोपी का आपराधिक पृष्ठभूमि
पुलिस के अनुसार, बसवराज पडुकोटे का आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। घटना के बाद वह अपना मोबाइल फोन बंद करके फरार हो गया था। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि पडुकोटे ने कन्नड़ संगठनों के बैनर तले इलाके में अपना प्रभाव जमाया था और खुद को एक सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में पेश करता था।
पुलिस को यह भी शक है कि वह शिवाजीनगर में फुटपाथ पर दुकान लगाने वालों से गणेश चतुर्थी के आयोजन के नाम पर हफ्ता यानी जबरन वसूली करता था। जांचकर्ताओं का मानना है कि इस पैसे का इस्तेमाल वह अपना स्थानीय नेटवर्क मजबूत करने और एक बड़ी सार्वजनिक छवि बनाने के लिए करता था। पुलिस अब उसकी अन्य आपराधिक गतिविधियों से संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है और कहा है कि जांच के आधार पर और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
इनपुट: IANS



