गुजरात में MSP खरीद का नया कीर्तिमान, 14 लाख से ज्यादा किसानों को मिले ₹23,800 करोड़
गुजरात में न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर फसलों की खरीद ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व वाली राज्य सरकार की तकनीक-आधारित खरीद प्रणाली के तहत, 2025-26 में 14 लाख से…
गुजरात में न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर फसलों की खरीद ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व वाली राज्य सरकार की तकनीक-आधारित खरीद प्रणाली के तहत, 2025-26 में 14 लाख से अधिक किसानों को उनकी उपज के बदले लगभग 23,800 करोड़ रुपये का सीधा भुगतान किया गया। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, ऑनलाइन पंजीकरण और डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) जैसी व्यवस्थाओं ने पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया है, जिससे किसानों को बिचौलियों से राहत मिली है।
यह आँकड़ा पिछले एक दशक में हुई बड़ी वृद्धि को दर्शाता है। साल 2016-17 में राज्य में केवल 2.01 लाख किसानों से लगभग 1,775 करोड़ रुपये की MSP खरीद हुई थी। वहीं, 2025-26 तक 32.54 लाख मीट्रिक टन उपज की खरीद हुई और पूरी राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजी गई, जिससे उन्हें समय पर भुगतान सुनिश्चित हुआ।
तकनीक से बदली व्यवस्था
नई डिजिटल प्रणाली के तहत किसानों को ऑनलाइन पंजीकरण कराना होता है, जिसके बाद उन्हें SMS के जरिए सूचना मिलती है। अपनी फसल बेचने के बाद, भुगतान सीधा उनके बैंक खाते में DBT के माध्यम से आ जाता है। इस व्यवस्था ने पहले होने वाली लंबी देरी और बाजार में MSP से कम दाम पर फसल बेचने की मजबूरी को खत्म कर दिया है।
कृषि अधिकारी एम.बी. पटेल ने बताया कि राज्य सरकार लगातार यह सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिले। उन्होंने कहा, "पिछले दस वर्षों में एमएसपी पर खरीद में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और अब खरीद का मूल्य 23,000 करोड़ रुपए से अधिक पहुंच चुका है।"
किसानों ने बताया अपना अनुभव
इस नई व्यवस्था से किसान संतुष्ट नजर आ रहे हैं। बनासकांठा के एक किसान ईश्वर रबारी ने कहा, "सरकार एमएसपी पर उनकी उपज खरीद रही है और भुगतान तुरंत ऑनलाइन बैंक खाते में पहुंच जाता है। इससे जरूरत पड़ने पर वे सीधे बैंक से राशि निकालकर अपने अन्य वित्तीय कार्य भी आसानी से कर पाते हैं।" वहीं, एक अन्य किसान कांजीभाई चौधरी ने बताया, "सरकार बाजरे की खरीद निर्धारित एमएसपी पर करती है, जिससे किसानों को बाजार की तुलना में बेहतर कीमत मिलती है और उनकी आय में सुधार होता है।"
प्रमुख फसलों की खरीद
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, पिछले दस वर्षों में राज्य में प्रमुख फसलों की बड़े पैमाने पर MSP पर खरीद हुई है। इस अवधि में 52.48 लाख मीट्रिक टन मूंगफली के लिए 31,941 करोड़ रुपये, 25.23 लाख मीट्रिक टन कपास के लिए 17,759 करोड़ रुपये, 16.81 लाख मीट्रिक टन चना के लिए 9,549 करोड़ रुपये और 4.97 लाख मीट्रिक टन अरहर के लिए 3,222 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया। इनके अलावा मूंग, उड़द, सरसों और सोयाबीन के उत्पादकों को भी इस योजना का लाभ मिल रहा है।
इनपुट: IANS



