बिहार: पेपर लीक मामले में गिरफ्तार छात्रों की रिहाई की मांग, तेजस्वी ने सरकार को दी बड़े आंदोलन की चेतावनी
बिहार में पेपर लीक के खिलाफ हुए छात्र आंदोलन पर सियासत गरमा गई है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने प्रदर्शनकारी छात्रों का समर्थन करते हुए सरकार पर तीखा हमला बोला है। समाचार एजेंसी IANS…
बिहार में पेपर लीक के खिलाफ हुए छात्र आंदोलन पर सियासत गरमा गई है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने प्रदर्शनकारी छात्रों का समर्थन करते हुए सरकार पर तीखा हमला बोला है। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर गिरफ्तार छात्रों को जल्द रिहा नहीं किया गया तो पूरा विपक्ष राज्यव्यापी आंदोलन करेगा।
बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र की समाप्ति के बाद रविवार को पटना लौटे तेजस्वी यादव ने एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने दावा किया कि पेपर लीक के खिलाफ आंदोलन के दौरान राज्य भर में हजारों छात्रों पर प्राथमिकी दर्ज की गई है और सैकड़ों को गलत धाराओं के तहत जेल भेज दिया गया है।
छात्रों पर बल प्रयोग का आरोप
नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि पुलिस ने कई जगहों पर प्रदर्शनकारी छात्रों पर अत्यधिक बल का प्रयोग किया। उन्होंने दावा किया, “सीवान में तीन छात्र गोली लगने से घायल हुए हैं।” तेजस्वी के अनुसार, उन्हें जानकारी मिली है कि राज्य के विभिन्न जिलों में पुलिस ने छात्रों पर लाठीचार्ज किया और उनके खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज किए।
सोमवार तक का अल्टीमेटम
यादव ने सरकार को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि यदि सोमवार तक गिरफ्तार छात्रों को रिहा नहीं किया गया और उन पर दर्ज मामले वापस नहीं लिए गए, तो महागठबंधन एक बड़ा आंदोलन शुरू करेगा। उन्होंने कहा, “सरकार को यह समझना होगा कि छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता।”
'सरकारी लीक' बताकर सरकार को घेरा
तेजस्वी ने पिछले 21 वर्षों में हुई विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार हो रही अनियमितताओं का भी जिक्र किया। उन्होंने सिपाही भर्ती, बीपीएससी, नीट जैसी परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी होने का दावा करते हुए इसे महज 'पेपर लीक' नहीं, बल्कि 'सरकारी लीक' करार दिया और इसके लिए सीधे तौर पर सरकार को जवाबदेह ठहराया। उन्होंने यह भी कहा कि जब तक मौजूदा सरकार सत्ता में है, ऐसी घटनाएं नहीं रुकेंगी।
इनपुट: IANS



