ब्राजील में राष्ट्रपति चुनाव से ठीक पहले बड़ा दांव, लूला सरकार ने ऑनलाइन सट्टेबाजी पर लगाया प्रतिबंध
ब्राजील में राष्ट्रपति चुनाव के पहले चरण के मतदान से कुछ ही दिन पहले, राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने एक बड़ा और तत्काल प्रभावी फैसला लिया है। उन्होंने देश भर में फिक्स्ड-ऑड्स स्पोर्ट्स…
ब्राजील में राष्ट्रपति चुनाव के पहले चरण के मतदान से कुछ ही दिन पहले, राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने एक बड़ा और तत्काल प्रभावी फैसला लिया है। उन्होंने देश भर में फिक्स्ड-ऑड्स स्पोर्ट्स बेटिंग के संचालन, विज्ञापन और इससे जुड़ी सभी गतिविधियों पर रोक लगा दी है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, लूला सरकार का तर्क है कि ऑनलाइन सट्टेबाजी की लत परिवारों को बर्बाद कर रही है और लोग कर्ज के जाल में फंस रहे हैं।
राष्ट्रपति लूला ने शुक्रवार को एक अस्थायी कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए, जो तुरंत लागू हो गया। हालांकि, इस प्रतिबंध को स्थायी बनाने के लिए अगले 120 दिनों के भीतर ब्राजील की कांग्रेस से मंजूरी लेनी होगी। इस फैसले का समय बेहद अहम है, क्योंकि देश में 4 अक्टूबर को राष्ट्रपति चुनाव का पहला चरण होना है, जिसमें लूला खुद एक उम्मीदवार हैं।
सख्त कदम और आगे की योजना
सरकार ने इस प्रतिबंध को लागू करने के लिए एक स्पष्ट समय-सीमा तय की है। आदेश के तहत सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म पर नए पैसे जमा करने पर तत्काल रोक लगा दी गई है। मौजूदा यूजर्स को अपने खातों से रकम निकालने के लिए 5 अक्टूबर तक का वक्त दिया गया है। 6 अक्टूबर से सभी बेटिंग वेबसाइट और ऐप्स को बंद करने का आदेश है।
इसके अलावा, लूला सरकार सट्टेबाजी से जुड़ी कुछ गतिविधियों को अपराध की श्रेणी में लाने के लिए कांग्रेस में एक विधेयक भी पेश करने की तैयारी कर रही है। इसमें सट्टेबाजी को बढ़ावा देने और लोगों के निजी डेटा का इस्तेमाल कर उन्हें आकर्षित करने जैसी गतिविधियों पर कठोर कार्रवाई का प्रावधान होगा। साओ पाउलो में पत्रकारों से बात करते हुए राष्ट्रपति लूला ने इस कदम को ‘कठोर, निर्णायक और जरूरी’ बताया और सट्टेबाजी की तुलना कैंसर से की।
उद्योग पर असर और राजनीतिक प्रतिक्रिया
सरकार के इस अचानक लिए गए फैसले से सट्टेबाजी उद्योग में हलचल है। उद्योग संगठनों ने इस फैसले को अदालत में चुनौती देने के संकेत दिए हैं। उनका तर्क है कि कंपनियों ने सरकारी नियामक ढांचे के तहत लाइसेंस लिए थे और अब अचानक प्रतिबंध से उनके निवेश और लाइसेंस शुल्क का क्या होगा, इस पर सवाल खड़े हो गए हैं।
आपको बता दें कि ब्राजील में फिक्स्ड-ऑड्स स्पोर्ट्स बेटिंग को 2018 में कानूनी आधार मिला था। लूला के मौजूदा कार्यकाल में ही इसे एक विनियमित बाजार के रूप में स्थापित किया गया था। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, अब तक 85 लाइसेंस जारी किए जा चुके हैं, जिनसे सरकार को लाइसेंस शुल्क के रूप में 2.55 अरब रियाल की आय हुई है।
वहीं, इस फैसले पर राजनीतिक बहस भी शुरू हो गई है। लूला के प्रमुख प्रतिद्वंद्वी, पूर्व राष्ट्रपति जायर बोल्सोनारो के बेटे फ्लावियो बोल्सोनारो ने इसे एक चुनावी कदम करार दिया है। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार ब्राजील में ऑनलाइन सट्टेबाजी पर रोक को व्यापक जनसमर्थन भी हासिल है।
इनपुट: IANS



