BPSC परीक्षा: 5.15 लाख उम्मीदवार, 996 केंद्र — कदाचार रोकने के लिए प्रशासन की ज़ीरो टॉलरेंस नीति
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 72वीं संयुक्त प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा 26 जुलाई को होने जा रही है, जिसमें लगभग 5.15 लाख अभ्यर्थी शामिल होंगे। इतने बड़े स्तर पर परीक्षा के शांतिपूर्ण और निष्पक्ष…
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 72वीं संयुक्त प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा 26 जुलाई को होने जा रही है, जिसमें लगभग 5.15 लाख अभ्यर्थी शामिल होंगे। इतने बड़े स्तर पर परीक्षा के शांतिपूर्ण और निष्पक्ष संचालन को सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, शुक्रवार को आयोग के अध्यक्ष ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलाधिकारियों और वरीय पुलिस अधीक्षकों के साथ तैयारियों की समीक्षा की और कड़े दिशा-निर्देश जारी किए।
राज्य भर के 996 केंद्रों पर होने वाली इस परीक्षा के लिए आयोग ने कदाचार के प्रति 'ज़ीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाने का स्पष्ट निर्देश दिया है। BPSC अध्यक्ष ने कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता आयोग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय से सभी केंद्रों पर सुरक्षा और अनुशासन की मजबूत व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा है।
कड़ी सुरक्षा और जांच के इंतजाम
परीक्षा में किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए कई स्तरों पर सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। सभी परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की बहुस्तरीय और सघन तलाशी (फ्रिस्किंग) की जाएगी। साथ ही, केंद्र के अंदर भीड़भाड़ से बचने के लिए बायोमेट्रिक सत्यापन का काम प्रवेश द्वार के बाहर ही पूरा कराया जाएगा। केंद्रों पर सुव्यवस्थित कतार, समय पर प्रवेश और अनुशासन बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया है।
नियम तोड़ने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
आयोग ने साफ किया है कि परीक्षा केंद्र में किसी भी बाहरी व्यक्ति का प्रवेश पूरी तरह वर्जित रहेगा और निर्धारित समय के बाद किसी भी अभ्यर्थी को अंदर आने की अनुमति नहीं दी जाएगी। संवेदनशील केंद्रों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी और हर केंद्र पर पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारी व पुलिस बल तैनात रहेंगे। अगर कोई भी अभ्यर्थी, परीक्षा कर्मी या अन्य व्यक्ति अनुचित साधनों का उपयोग करते या परीक्षा की गोपनीयता भंग करते पाया गया, तो उसके खिलाफ तत्काल FIR दर्ज की जाएगी और उसे भविष्य की BPSC परीक्षाओं से प्रतिबंधित भी किया जाएगा। आयोग अध्यक्ष ने सभी जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को परीक्षा के हर चरण की व्यक्तिगत निगरानी करने का निर्देश दिया है।
इनपुट: IANS



