विराट और शास्त्री की जोड़ी का कमाल ।

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श्रीलंका पर शनिवार को पहले टेस्ट में 304 रन से मिली रिकॉर्ड जीत से भारतीय टीम में ख़ुशी की लहर है । इस जीत के साथ ही कप्तान विराट कोहली और कोच रवि शास्त्री की जोड़ी एक बार फिर चल पड़ी है।
रवि शास्त्री के कोच के पद की अगुआई में टीम का प्रदर्शन शानदार रहा । उम्मीद की जा रही है कि शास्त्री और विराट कि जोड़ी भारतीय क्रिकेट को नई बुलंदियों पर पहुंचाएगी ।

मुश्किल रहा एक महीना
पिछला एक महीना भारतीय क्रिकेट और खासतौर पर कप्तान विराट कोहली के लिए काफी मुश्किल रहा। चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में पाकिस्तान से मिली शर्मनाक हार और फिर विराट से अनबन के बाद कोच अनिल कुंबले के इस्तीफा देने से भारतीय क्रिकेट टीम के हालत कुछ ख़ास नहीं रहे।
इसके बाद हुई गहमागहमी के बाद आखिरकार रवि शाष्त्री भारतीय टीम के नए कोच बनाये गए। इसमें सबसे बड़ी भूमिका विराट कोहली कि थी जो शास्त्री को कोच बनाने के पक्ष में थे।

नई शुरुआत
श्रीलंका दौरा कप्तान कोहली और शास्त्री के लिए काफी अहम है। विवाद और दबाव के बीच भारतीय टीम पहला टेस्ट खेलने उतरी। यह इस जोड़ी के लिए एक परीक्षा थी जिसमे दोनों सफल रहे।
भारतीय टीम ने शानदार जीत हासिल की। इस जीत से भारतीय क्रिकेट टीम में एक नए दौर की शुरुआत भी हो गई है। खुद कप्तान विराट कोहली का प्रदर्शन भी शानदार रहा और उन्होंने टेस्ट करियर का 17वां शतक लगाया।

अच्छा तालमेल
शास्त्री और कोहली के बीच काफी अच्छा तालमेल देखने को मिला। 2015 में भारतीय टीम की बागडोर मिलने के बाद शास्त्री ने टीम का माहौल ही बदल दिया और लड़ने का जज्बा पैदा किया, खासतौर पर टेस्ट क्रिकेट में।
शास्त्री ने कोहली में जीत की ललक पैदा की और हर वक्त मजबूती से उनका साथ दिया। टीम निदेशक शास्त्री के मार्गदर्शन में ही कोहली ने 2015 में श्रीलंका को तीन टेस्ट मैचों की सीरीज में 2-1 से शिकस्त दी थी।

सौरव गांगुली ने की तारीफ़
भारतीय क्रिकेट टीम के शानदार प्रदर्शन के बाद सौरव गांगुली ने भी टीम के अच्छे प्रदर्शन की तरफ करते हुए कहा ‘इस भारतीय टीम का संतुलन काफी अच्छा है।उनकी बल्लेबाजी, फील्डिंग और गेंदबाजी काफी मजबूत है। दो साल टीम के लिए शानदार रहे, खासतौर पर घर से बाहर टीम का परदरसन सरहानीय रहा। मुझे नहीं लगता इन परिस्थितियों में टीम को कोई चुनौती दे सकता है ।

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