यूक्रेनी ड्रोन हमलों से दहला रूस: वेयरहाउस पर हमले में 7 की मौत, तेल डिपो में लगी आग
यूक्रेन ने शनिवार तड़के रूस के कई इलाकों को निशाना बनाते हुए बड़े पैमाने पर ड्रोन हमले किए। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इन हमलों में सबसे घातक घटना मास्को के दक्षिण-पूर्व में स्थित तांबोव क्षेत्र…
यूक्रेन ने शनिवार तड़के रूस के कई इलाकों को निशाना बनाते हुए बड़े पैमाने पर ड्रोन हमले किए। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इन हमलों में सबसे घातक घटना मास्को के दक्षिण-पूर्व में स्थित तांबोव क्षेत्र में हुई, जहां एक लॉजिस्टिक्स सेंटर पर हमले में कम से कम 7 लोगों की मौत हो गई।
तांबोव के गवर्नर येवगेनी पेर्विशोव ने बताया कि यह हमला कोटोव्स्क शहर में रूस की सबसे बड़ी ऑनलाइन रिटेल कंपनी वाइल्डबेरीज के एक वेयरहाउस पर हुआ। उन्होंने पुष्टि की कि हमले में मारे गए सभी सात कर्मचारी नाइट शिफ्ट में काम कर रहे थे। इस घटना में 24 से 25 लोगों के घायल होने की भी खबर है। अधिकारियों के मुताबिक, वेयरहाउस में लगी आग पर काबू पा लिया गया है और राहत एवं बचाव कार्य जारी है।
तेल डिपो पर भी हमला
एक अन्य घटना में, मॉस्को क्षेत्र के नोगिंस्क शहर में एक तेल डिपो ड्रोन हमले की चपेट में आ गया। रॉयटर्स के अनुसार, मॉस्को क्षेत्र के गवर्नर आंद्रेई वोरोब्योव ने बताया कि ड्रोन का मलबा गिरने से डिपो में आग लग गई, जिससे दो लोग घायल हो गए। उन्होंने कहा कि एहतियात के तौर पर पास के एक मैटरनिटी हॉस्पिटल को खाली करा लिया गया है। इस डिपो का इस्तेमाल पेट्रोल, डीजल और केरोसीन जैसे हल्के पेट्रोलियम उत्पादों के भंडारण के लिए किया जाता था, जिसकी कुल क्षमता लगभग 11,500 घन मीटर है।
रूसी रक्षा प्रणाली ने कई ड्रोन मार गिराए
रूसी अधिकारियों ने दावा किया है कि देश की वायु रक्षा प्रणालियों ने हमलों के दौरान महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। तांबोव के गवर्नर पेर्विशोव के मुताबिक, लक्ष्य तक पहुंचने से पहले 28 यूक्रेनी ड्रोन को मार गिराया गया। उन्होंने कहा कि यदि ये सभी ड्रोन अपने निशाने पर पहुंच जाते, तो नागरिक हताहतों की संख्या कहीं अधिक हो सकती थी। गौरतलब है कि 24 फरवरी 2022 से जारी रूस-यूक्रेन संघर्ष में हाल के महीनों में दोनों तरफ से ड्रोन हमलों में तेजी देखी गई है।
इनपुट: IANS



