भारत-मलेशिया नौसैनिक अभ्यास 'समुद्र लक्ष्मण' शुरू, भारतीय युद्धपोत INS मैसूर लुमुट पहुँचा
भारत और मलेशिया के बीच समुद्री सहयोग को मजबूती देते हुए द्विपक्षीय नौसैनिक अभ्यास ‘समुद्र लक्ष्मण’ का चौथा संस्करण शुरू हो गया है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस अभ्यास में हिस्सा लेने के लिए…
भारत और मलेशिया के बीच समुद्री सहयोग को मजबूती देते हुए द्विपक्षीय नौसैनिक अभ्यास ‘समुद्र लक्ष्मण’ का चौथा संस्करण शुरू हो गया है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस अभ्यास में हिस्सा लेने के लिए भारतीय नौसेना का युद्धपोत आईएनएस मैसूर मलेशिया के लुमुट बंदरगाह पहुँच चुका है, जहाँ मलेशियाई नौसेना और भारतीय उच्चायोग के अधिकारियों ने उसका गर्मजोशी से स्वागत किया।
यह अभ्यास दोनों देशों के बीच बढ़ते रक्षा संबंधों का प्रतीक है, जिसका उद्देश्य आपसी तालमेल बढ़ाना और एक-दूसरे की कार्यप्रणालियों को बेहतर ढंग से समझना है। आईएनएस मैसूर की यह यात्रा भारत सरकार की 'महासागर' (क्षेत्र में सभी के लिए सुरक्षा और विकास) पहल और 2026 को 'आसियान-भारत समुद्री सहयोग वर्ष' के रूप में मनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
अभ्यास में क्या होगा खास?
‘समुद्र लक्ष्मण’ अभ्यास के तहत दोनों देशों की नौसेनाएँ बंदरगाह और समुद्र, दोनों जगहों पर विभिन्न गतिविधियों में शामिल होंगी। इसमें आईएनएस मैसूर के साथ मलेशियाई नौसेना के जहाज केडी लेकिर और केडी गगाह समुद्र भी भाग ले रहे हैं। अभ्यास के दौरान पेशेवर बातचीत, एक-दूसरे के युद्धपोतों का दौरा, ऑपरेशनल चर्चाएँ और खेल गतिविधियाँ भी आयोजित की जाएँगी। इसका लक्ष्य भविष्य में संयुक्त समुद्री अभियानों के लिए बेहतर समन्वय स्थापित करना है।
मजबूत होते द्विपक्षीय संबंध
यह संयुक्त अभ्यास भारत और मलेशिया के बीच लगातार प्रगाढ़ हो रहे संबंधों को दर्शाता है। हाल ही में 1 जुलाई 2026 को दोनों देशों के बीच 12वीं उपसमिति की बैठक भी आयोजित हुई थी। इस तरह के संवाद और सैन्य गतिविधियाँ दोनों देशों के बीच रक्षा और समुद्री क्षेत्र में सहयोग के दायरे को और व्यापक बना रही हैं।
इनपुट: IANS



