बेंगलुरु सेंट्रल जेल में मोबाइल नेटवर्क: वार्डर और कैदियों समेत 9 लोग गिरफ्तार
बेंगलुरु की परप्पना अग्रहारा सेंट्रल जेल में कैदियों तक प्रतिबंधित मोबाइल फोन पहुंचाने वाले एक नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने इस सिलसिले में तीन…
बेंगलुरु की परप्पना अग्रहारा सेंट्रल जेल में कैदियों तक प्रतिबंधित मोबाइल फोन पहुंचाने वाले एक नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने इस सिलसिले में तीन अलग-अलग मामलों की जांच करते हुए दो जेल वार्डरों सहित कुल नौ लोगों को गिरफ्तार किया है। इस नेटवर्क के जरिए जेल के अंदर मोबाइल फोन और सिम कार्ड की अवैध सप्लाई की जा रही थी।
यह मामला तब और गंभीर हो गया जब जांच में पता चला कि इस तरह से पहुंचाए गए एक फोन का इस्तेमाल पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना और एक अन्य विचाराधीन कैदी प्रताप राय कर रहे थे। पुलिस ने 11 अगस्त को जेल में औचक निरीक्षण के दौरान इन दोनों के बैरक से मोबाइल फोन, सिम कार्ड, चार्जर और एक नोटबुक बरामद की थी।
कैसे काम करता था यह नेटवर्क?
पुलिस जांच के अनुसार, जेल के अंदर मोबाइल फोन पहुंचाने का काम कथित तौर पर एक वार्डर करता था, जबकि सिम कार्ड एक अन्य विचाराधीन कैदी के माध्यम से अंदर लाए जाते थे। तकनीकी डेटा और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर जांचकर्ताओं ने उस पूरे रास्ते का पता लगाया जिससे ये प्रतिबंधित चीजें जेल की दीवारों के पार पहुंच रही थीं। इस मामले में पुलिस ने फोन और सिम खरीदने तथा उन्हें जेल तक पहुंचाने में मदद करने वाले पांच अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया है।
पूछताछ के लिए प्रताप राय और प्रज्वल रेवन्ना को 8 सितंबर को तीन दिन की पुलिस हिरासत में लिया गया था। हिरासत की अवधि पूरी होने के बाद, 10 सितंबर को अदालत के आदेश पर दोनों को वापस जेल भेज दिया गया।
एक और मामले में वार्डर की भूमिका
एक अन्य मामले की जांच 13 जनवरी को तब शुरू हुई थी, जब जेल प्रशासन को चार मोबाइल फोन, दो सिम कार्ड और एक चार्जर मिले थे। पुलिस ने इन एयरटेल सिम से जुड़े नंबरों की तकनीकी जांच की। इसी जांच के दौरान पुलिस श्रीनिवास नाइक नामक एक वार्डर तक पहुंची, जिसे 28 अगस्त को हिरासत में लिया गया।
पूछताछ में नाइक ने कथित तौर पर यह स्वीकार किया कि उसने 'राहुल' नाम से दो फोन खरीदे थे। पुलिस के अनुसार, उसने यह भी कबूल किया कि वह इस तरह से लगभग 12 मोबाइल फोन खरीदकर अवैध रूप से जेल के अंदर पहुंचा चुका है।
इनपुट: IANS



