सोमवार, 10 अगस्त 2026 · नई दिल्ली
दुनिया

पीएम मोदी की अमेरिका यात्रा और ट्रंप संग रिश्तों को लेकर अमेरिकी दस्तावेज़ में क्या है? जानें

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फरवरी 2025 की अमेरिका यात्रा को भारतीय सोशल मीडिया पर किस तरह देखा गया, इस पर अमेरिकी विदेश विभाग के दस्तावेज़ों से नई जानकारी सामने आई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार…

पीएम मोदी की अमेरिका यात्रा और ट्रंप संग रिश्तों को लेकर अमेरिकी दस्तावेज़ में क्या है? जानें
(फोटो: IANS)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फरवरी 2025 की अमेरिका यात्रा को भारतीय सोशल मीडिया पर किस तरह देखा गया, इस पर अमेरिकी विदेश विभाग के दस्तावेज़ों से नई जानकारी सामने आई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, सूचना की स्वतंत्रता अधिनियम (FOIA) के तहत जारी इन दस्तावेज़ों में बताया गया है कि पीएम मोदी की कूटनीतिक सक्रियता, रक्षा समझौतों और तत्कालीन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ उनके व्यक्तिगत तालमेल की भारतीय सोशल मीडिया यूज़र्स ने जमकर सराहना की थी।

विज्ञापन

यह रिपोर्ट 18 फरवरी, 2025 की है और इसमें भारत स्थित अमेरिकी दूतावास द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर हुई चर्चाओं का विश्लेषण किया गया है। दस्तावेज़ों के मुताबिक, पीएम मोदी के समर्थकों ने उनकी इस यात्रा को वैश्विक मंच पर भारत के हितों को आगे बढ़ाने की एक रणनीतिक कोशिश के तौर पर देखा।

कूटनीतिक पहल और रक्षा समझौते

रिपोर्ट में इस बात का ज़िक्र है कि व्यापार वार्ता और रक्षा समझौतों जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर प्रधानमंत्री मोदी के प्रयासों की कई वर्गों में प्रशंसा हुई। अमेरिकी दूतावास ने पाया कि इन पहलों को भारत में सैन्य तकनीक के सह-उत्पादन और रक्षा सहयोग को बढ़ावा देने वाले सकारात्मक कदम के रूप में सराहा गया।

गौरतलब है कि पीएम मोदी ने 13 फरवरी, 2025 को व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति ट्रंप से मुलाक़ात की थी। यह ट्रंप के दोबारा राष्ट्रपति बनने के बाद उनकी पहली अमेरिकी यात्रा थी।

ट्रंप और मस्क के साथ मुलाक़ातें

दस्तावेज़ों से पता चलता है कि राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा पीएम मोदी को 'टफ नेगोशिएटर' (कठिन वार्ताकार) कहे जाने को भी सोशल मीडिया पर सकारात्मक रूप से लिया गया। इसे भारत के हितों की मज़बूत पैरवी के तौर पर देखा गया।

इसके अलावा, उद्योगपति एलन मस्क और भारतीय-अमेरिकी समुदाय के साथ पीएम मोदी की मुलाक़ातों को भी प्रभावी कूटनीति का हिस्सा माना गया। व्हाइट हाउस के सामने स्थित ऐतिहासिक ब्लेयर हाउस में प्रधानमंत्री मोदी के ठहरने को अमेरिका द्वारा भारतीय नेता को दिए गए सम्मान के प्रतीक के रूप में देखा गया। कुछ सोशल मीडिया यूज़र्स ने इसकी तुलना पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और इंदिरा गांधी की अमेरिकी यात्राओं से भी की।

इनपुट: IANS

N

News4Social इंटरनेशनल डेस्क

News4Social इंटरनेशनल डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →