सोमवार, 31 अगस्त 2026 · नई दिल्ली
इकोनॉमी

भारत की विकास दर 7.8% पर, सरकार ने जनता की मेहनत और आर्थिक सुधारों को दिया श्रेय

वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में भारत की आर्थिक विकास दर 7.8 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो पिछले साल की इसी अवधि से लगभग एक प्रतिशत ज़्यादा है। इस मज़बूत प्रदर्शन पर केंद्र सरकार के…

भारत की विकास दर 7.8% पर, सरकार ने जनता की मेहनत और आर्थिक सुधारों को दिया श्रेय
(फोटो: IANS)

वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में भारत की आर्थिक विकास दर 7.8 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो पिछले साल की इसी अवधि से लगभग एक प्रतिशत ज़्यादा है। इस मज़बूत प्रदर्शन पर केंद्र सरकार के मंत्रियों ने प्रतिक्रिया देते हुए इसे देश के लोगों की कड़ी मेहनत और एनडीए सरकार की सुधार-उन्मुख नीतियों का मिला-जुला परिणाम बताया है।

विज्ञापन

समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इन आंकड़ों को भारतीय अर्थव्यवस्था की मज़बूती और लचीलेपन का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार नागरिकों के लिए आर्थिक अवसर बढ़ाने और विकास का माहौल बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

मंत्रियों ने क्या कहा?

निर्मला सीतारमण, वित्त मंत्री: उन्होंने इस तिमाही के शानदार प्रदर्शन का श्रेय सीधे तौर पर भारत के लोगों की कड़ी मेहनत को दिया। वित्त मंत्री ने कहा, “एनडीए सरकार द्वारा किए गए सुधारों और अर्थव्यवस्था के कुशल प्रबंधन के अच्छे नतीजे मिल रहे हैं।” उन्होंने यह भी बताया कि इसी अवधि में नॉमिनल जीडीपी में 10.3% और वास्तविक ग्रॉस वैल्यू एडेड (GVA) में 8.2% की वृद्धि का अनुमान है।

पीयूष गोयल, वाणिज्य और उद्योग मंत्री: जीडीपी के आंकड़ों का स्वागत करते हुए उन्होंने इसे भारत की बढ़ती आर्थिक ताकत का सबूत बताया। गोयल ने कहा, “वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में देश की 7.8 प्रतिशत की रियल जीडीपी ग्रोथ भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती और यहां के लोगों के संकल्प को दिखाती है।” उनके अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत एक मज़बूत और महत्वाकांक्षी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।

हरदीप सिंह पुरी, पेट्रोलियम मंत्री: उन्होंने इस वृद्धि को वैश्विक चुनौतियों के संदर्भ में रेखांकित किया। पुरी ने कहा कि वैश्विक अनिश्चितताओं, तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और सप्लाई-चेन में रुकावटों के बावजूद यह बढ़ोतरी काफ़ी अहम है। उन्होंने इस आर्थिक मज़बूती का श्रेय विभिन्न क्षेत्रों की सामूहिक ताकत और देश के 1.4 अरब लोगों के उद्यम को दिया।

इनपुट: IANS

N

News4Social बिज़नेस डेस्क

News4Social बिज़नेस डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से कारोबार और अर्थव्यवस्था से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →