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हैदराबाद: HYDRA कमिश्नर रंगनाथ को हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत, सिंगल जज के हटाने के आदेश पर रोक

हैदराबाद में हैदराबाद डिजास्टर रिस्पॉन्स एंड एसेट प्रोटेक्शन एजेंसी (HYDRA) के कमिश्नर ए.वी. रंगनाथ को तेलंगाना हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, हाईकोर्ट की एक डिवीज़न बेंच…

हैदराबाद: HYDRA कमिश्नर रंगनाथ को हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत, सिंगल जज के हटाने के आदेश पर रोक
(फोटो: IANS)

हैदराबाद में हैदराबाद डिजास्टर रिस्पॉन्स एंड एसेट प्रोटेक्शन एजेंसी (HYDRA) के कमिश्नर ए.वी. रंगनाथ को तेलंगाना हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, हाईकोर्ट की एक डिवीज़न बेंच ने सिंगल जज के उस आदेश पर अस्थायी रूप से रोक लगा दी है, जिसमें राज्य सरकार को उन्हें पद से हटाने का निर्देश दिया गया था। रंगनाथ ने इस फैसले के खिलाफ याचिका दायर की थी, जिस पर मंगलवार को सुनवाई हुई।

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रंगनाथ की ओर से हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश राजीव शकधर ने पक्ष रखा। शुरुआती दलीलें सुनने के बाद बेंच ने 27 जुलाई के सिंगल जज के आदेश पर रोक लगाने का फैसला सुनाया। यह पूरा मामला शांता श्रीराम कंस्ट्रक्शन्स प्राइवेट लिमिटेड द्वारा दायर एक अवमानना याचिका से जुड़ा है।

क्या था सिंगल जज का आदेश?

27 जुलाई को जस्टिस अनिल कुमार जुकांती ने एक अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए राज्य के मुख्य सचिव को निर्देश दिया था कि वे ए.वी. रंगनाथ को HYDRA कमिश्नर के पद से हटाकर किसी दूसरे उपयुक्त अधिकारी की नियुक्ति करें। जस्टिस जुकांती ने रंगनाथ के खिलाफ सख्त टिप्पणी करते हुए कहा था कि वे 'अपनी मर्जी से काम करने वाले' बन गए हैं और HYDRA अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर काम कर रही है।

कोर्ट ने यह भी पाया था कि रंगनाथ के खिलाफ लगभग डेढ़ साल में 63 अवमानना याचिकाएं लंबित थीं। एक पिछली सुनवाई में कोर्ट ने उन्हें सेना की हिरासत में भेजने तक की चेतावनी दी थी। अधिकारी द्वारा एक हलफनामा दायर न करने और सुनवाई में उपस्थित न होने पर जस्टिस जुकांती ने कड़ी आपत्ति जताते हुए उन्हें हटाने का आदेश जारी किया था।

विवाद की जड़ और कमिश्नर का पक्ष

यह विवाद तब शुरू हुआ जब शांता श्रीराम कंस्ट्रक्शन्स ने आरोप लगाया कि HYDRA के अधिकारियों ने 50 गाड़ियों और 200 कर्मचारियों के साथ उनकी 40 एकड़ की जमीन में घुसकर अदालती आदेशों का उल्लंघन किया। दूसरी ओर, रंगनाथ ने कहा है कि वह अपने खिलाफ दायर सभी 63 अवमानना मामलों का कानूनी रूप से सामना करेंगे क्योंकि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है।

रंगनाथ का आरोप है कि ये मामले प्रभावशाली अतिक्रमणकारियों और भू-माफिया द्वारा दायर किए गए हैं, जो HYDRA के अभियान से प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा, "मैं 100 प्रतिशत परिणाम देने के लिए प्रतिबद्ध हूं।" गौरतलब है कि आईपीएस अधिकारी ए.वी. रंगनाथ दो साल पहले बनी इस एजेंसी के प्रमुख हैं। HYDRA का दावा है कि उसने पिछले दो सालों में 1.5 लाख करोड़ रुपये मूल्य की 3,315 एकड़ सरकारी जमीन बचाई है और कई झीलों को बहाल किया है।

इनपुट: IANS

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News4Social नेशनल डेस्क

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