राजस्थान: यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल का मसौदा तैयार, कानूनी समीक्षा के बाद कैबिनेट में पेश होने की उम्मीद
राजस्थान में समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code - UCC) को लागू करने की प्रक्रिया एक कदम और आगे बढ़ गई है। सुप्रीम कोर्ट की सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता वाली समिति द्वारा…
राजस्थान में समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code - UCC) को लागू करने की प्रक्रिया एक कदम और आगे बढ़ गई है। सुप्रीम कोर्ट की सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता वाली समिति द्वारा तैयार किए गए बिल के ड्राफ्ट को कानूनी समीक्षा के बाद हरी झंडी मिल गई है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, कानून विभाग ने इस मसौदे को कानून मंत्री जोगाराम पटेल के पास मंजूरी के लिए भेज दिया है।
लगभग 200 पन्नों के इस विस्तृत ड्राफ्ट को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पिछले हफ्ते ही सौंपा गया था। इसके बाद, गृह विभाग ने इसे कानूनी पहलुओं की जांच के लिए सोमवार को विधि विभाग के पास भेजा था।
गुरुवार को कैबिनेट बैठक में रखा जा सकता है प्रस्ताव
कानून मंत्री जोगाराम पटेल की स्वीकृति मिलने के बाद, इस मसौदे को गुरुवार को होने वाली राज्य कैबिनेट की बैठक में पेश किए जाने की पूरी संभावना है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी, प्रेमचंद बैरवा और मंत्रिपरिषद के अन्य सदस्य भी मौजूद रहेंगे। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद सरकार इसे कानून बनाने के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू करेगी।
ड्राफ्ट में क्या है खास?
सूत्रों के अनुसार, इस ड्राफ्ट को तैयार करते समय उत्तराखंड और गुजरात जैसे राज्यों के कानूनी प्रावधानों का भी अध्ययन किया गया है। उत्तराखंड पहले ही UCC लागू कर चुका है, जबकि गुजरात में बिल विधानसभा से पारित हो चुका है। समिति ने सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों और जनता से मिले सुझावों को भी अपनी रिपोर्ट में शामिल किया है। एक महत्वपूर्ण बात यह है कि संवैधानिक कारणों के चलते आदिवासी समुदायों को इस प्रस्तावित कानून के दायरे से बाहर रखा गया है।
इनपुट: IANS



