कोलकाता और बीरभूम में होटल अग्निकांड के बाद एक्शन में बंगाल सरकार, 17 दमकल अधिकारियों का तबादला
पश्चिम बंगाल में पिछले महीने दो बड़े होटल अग्निकांडों में 18 लोगों की जान जाने के बाद राज्य के दमकल सेवा विभाग ने एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, बुधवार को…
पश्चिम बंगाल में पिछले महीने दो बड़े होटल अग्निकांडों में 18 लोगों की जान जाने के बाद राज्य के दमकल सेवा विभाग ने एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, बुधवार को विभाग ने 17 संभागीय अग्निशमन अधिकारियों (DFO) के तबादले का आदेश जारी किया। सरकार ने इन तबादलों को 'नियमित' प्रक्रिया बताया है, लेकिन इनका समय काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
यह फेरबदल उन दो घातक घटनाओं के बाद हुआ है, जिनमें से एक कोलकाता के मिर्जा गालिब स्ट्रीट में और दूसरी बीरभूम जिले के तारापीठ स्थित एक होटल में हुई थी। दोनों ही हादसों में 9-9 लोगों की मौत हो गई थी और जांच में अग्निशमन सुरक्षा नियमों की गंभीर अनदेखी सामने आई थी।
प्रमुख अधिकारियों का तबादला
जिन 17 अधिकारियों का तबादला किया गया है, उनमें वे अधिकारी भी शामिल हैं जिनके कार्यक्षेत्र में ये हादसे हुए थे। दक्षिण कोलकाता डिवीजन के DFO शुभंकर घोष, जिनके अधिकार क्षेत्र में मिर्जा गालिब स्ट्रीट का होटल आता था, को भी स्थानांतरित कर दिया गया है। उनकी जगह अब निहार रंजन रॉय लेंगे, जो पहले उत्तर 24 परगना जिले में तैनात थे।
इसी तरह, बीरभूम डिवीजन के मौजूदा DFO अरिंदम देबनाथ को बांकुरा डिवीजन भेज दिया गया है। उनकी जगह बांकुरा के पूर्व DFO श्याम सुंदर डे को बीरभूम की जिम्मेदारी दी गई है।
सुरक्षा नियमों पर सरकार का फोकस
इन दो हादसों ने राज्य सरकार को होटलों, लॉज और गेस्टहाउस के लाइसेंसिंग प्रक्रिया की खामियों की समीक्षा करने पर मजबूर कर दिया है। सरकार ने 'फायर सेफ्टी सर्टिफिकेट' और 'फायर लाइसेंस' जैसी महत्वपूर्ण अनुमतियाँ जारी करने के नियमों को और कड़ा करने का फैसला किया है। कोलकाता के न्यू मार्केट इलाके में हुए अग्निकांड में मारे गए लोगों में कुछ बांग्लादेशी नागरिक भी शामिल थे।
इनपुट: IANS



