कोलकाता: अभिषेक बनर्जी के दफ़्तर में तोड़फोड़, 6 गिरफ़्तार; TMC ने बीजेपी को ठहराया ज़िम्मेदार
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के कोलकाता स्थित कार्यालय में हुई तोड़फोड़ के मामले में पुलिस ने 6 लोगों को गिरफ़्तार किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, डायमंड…
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के कोलकाता स्थित कार्यालय में हुई तोड़फोड़ के मामले में पुलिस ने 6 लोगों को गिरफ़्तार किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, डायमंड हार्बर से लोकसभा सांसद बनर्जी ने इस घटना के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर सीधा आरोप लगाया था और दोषियों की तत्काल गिरफ़्तारी की मांग की थी।
यह घटना गुरुवार सुबह करीब 4 बजे मध्य कोलकाता के कैमक स्ट्रीट पर स्थित अभिषेक बनर्जी के पार्टी कार्यालय में हुई। बनर्जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक वीडियो जारी कर आरोप लगाया था कि हमलावरों ने न केवल दफ़्तर में तोड़फोड़ की, बल्कि वहां मौजूद कर्मचारियों के साथ भी मारपीट की।
घटना पर अभिषेक बनर्जी की तीखी प्रतिक्रिया
इस हमले के बाद अभिषेक बनर्जी ने केंद्र सरकार और विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, "आज सुबह-सुबह भाजपा ने मेरे पार्टी ऑफिस में यही किया है। क्या पश्चिम बंगाल के राज्यपाल कार्रवाई करेंगे? क्या केंद्रीय गृह मंत्री कार्रवाई करेंगे? क्या पीएमओ कार्रवाई करेगा? या वे दूसरी तरफ देखते रहेंगे?"
उन्होंने सुवेंदु अधिकारी को संबोधित करते हुए सवाल किया, "सुवेंदु अधिकारी के लिए एक साधारण सा सवाल यह है कि आप तृणमूल कांग्रेस और मुझसे इतने डरे हुए क्यों हैं कि आपको इस तरह की धमकी का सहारा लेना पड़ रहा है?" उन्होंने आगे कहा कि अगर राज्य में विपक्ष के साथ इस तरह का व्यवहार होता है, तो मुख्यमंत्री को पद पर बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है और उन्हें इस्तीफ़ा दे देना चाहिए।
न्यायपालिका से हस्तक्षेप की अपील
बनर्जी ने इस घटना को 'राजनीतिक गुंडागर्दी' करार देते हुए न्यायपालिका से हस्तक्षेप की मांग की। उन्होंने कहा, "अब समय आ गया है कि न्यायपालिका, विशेष रूप से कलकत्ता हाईकोर्ट, इस बात पर गंभीरता से ध्यान दे कि पश्चिम बंगाल में क्या हो रहा है और कानून के शासन को बनाए रखने के लिए कार्रवाई करे।" उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में यह भी कहा कि सत्ता का हर दुरुपयोग और धमकी का हर कृत्य याद रखा जाएगा।
इनपुट: IANS



