MSCI India Index में बड़ा फेरबदल: अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस समेत 4 शेयर शामिल, वैश्विक निवेशकों पर होगा असर
दुनिया भर के बड़े निवेशकों द्वारा बेंचमार्क माने जाने वाले MSCI इंडिया इंडेक्स में एक महत्वपूर्ण बदलाव हुआ है। वैश्विक सूचकांक प्रदाता मॉर्गन स्टेनली कैपिटल इंटरनेशनल (MSCI) ने अपनी अगस्त 2026 की…
दुनिया भर के बड़े निवेशकों द्वारा बेंचमार्क माने जाने वाले MSCI इंडिया इंडेक्स में एक महत्वपूर्ण बदलाव हुआ है। वैश्विक सूचकांक प्रदाता मॉर्गन स्टेनली कैपिटल इंटरनेशनल (MSCI) ने अपनी अगस्त 2026 की समीक्षा में अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस समेत चार नई कंपनियों को इस प्रतिष्ठित इंडेक्स में जगह दी है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इन बदलावों के चलते तीन कंपनियों को इंडेक्स से बाहर भी किया गया है, हालांकि उनके नामों का खुलासा नहीं किया गया है।
यह फेरबदल 31 अगस्त, 2026 को कारोबार बंद होने के बाद से लागू होगा। MSCI इंडेक्स में किसी कंपनी का शामिल होना या बाहर निकलना उसके शेयरों के लिए काफी मायने रखता है, क्योंकि दुनिया के कई बड़े पैसिव फंड और संस्थागत निवेशक इसी इंडेक्स के आधार पर अपने पोर्टफोलियो में बदलाव करते हैं। इस वजह से संबंधित शेयरों में निवेश का प्रवाह घटता या बढ़ता है।
क्यों अहम है MSCI इंडेक्स?
MSCI का भारत केंद्रित सूचकांक भारतीय शेयर बाजार की लगभग 85 प्रतिशत इक्विटी यूनिवर्स का प्रतिनिधित्व करता है। यह भारत में निवेश करने वाले कई अंतरराष्ट्रीय फंडों के लिए एक प्रमुख मानक है। जून में आई एक रिपोर्ट में यह अनुमान लगाया गया था कि इस समीक्षा के बाद भारतीय बाजारों में लगभग 30,214 करोड़ रुपए का पैसिव निवेश आ सकता है।
अदाणी एनर्जी के शेयर में उछाल
इस घोषणा का तत्काल असर अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस के शेयरों पर देखने को मिला। खबर आते ही कंपनी के शेयरों में जोरदार खरीदारी हुई और यह बीएसई पर शुरुआती कारोबार में 2.24% चढ़कर 1,638 रुपए के इंट्रा-डे हाई पर पहुंच गया। स्टॉक एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक, इस शेयर का 52-सप्ताह का उच्चतम स्तर 1,789 रुपए और न्यूनतम स्तर 745.45 रुपए रहा है। पिछले एक साल में इस शेयर ने अपने निवेशकों को लगभग 100% का रिटर्न दिया है।
स्मॉल कैप इंडेक्स में भी हुए बदलाव
MSCI ने अपनी समीक्षा में इंडिया डोमेस्टिक स्मॉल कैप इंडेक्स में भी बड़ा फेरबदल किया है। इस इंडेक्स में 12 नए शेयर जोड़े गए हैं, जबकि 19 शेयरों को बाहर कर दिया गया है। इस तरह, स्मॉल कैप इंडेक्स में कुल सात कंपनियों की शुद्ध कमी आई है। MSCI यह समीक्षा बाजार पूंजीकरण, लिक्विडिटी और फ्री-फ्लोट जैसे प्रमुख मानकों के आधार पर करता है।
इनपुट: IANS



