भारत-पोलैंड संबंध: पीएम डोनाल्ड टस्क ने कहा- 'हमारे बीच हितों का कोई टकराव नहीं'
पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने गुरुवार को कहा कि भारत और उनके देश के बीच दोस्ती का आधार साझा मूल्य, विचार और आपसी भरोसा है, न कि हितों का टकराव। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, नई दिल्ली के…
पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने गुरुवार को कहा कि भारत और उनके देश के बीच दोस्ती का आधार साझा मूल्य, विचार और आपसी भरोसा है, न कि हितों का टकराव। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, नई दिल्ली के हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक के बाद उन्होंने यह बात कही।
पीएम टस्क ने दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत को "सार्थक और महत्वपूर्ण" बताया। उन्होंने कहा कि अस्थिरता और अनिश्चितता के इस दौर में भारत दुनिया के लिए "उम्मीद की एक किरण" है और वैश्विक मंच पर उसकी भूमिका सराहनीय है।
रणनीतिक साझेदारी और भविष्य की प्राथमिकताएँ
पोलैंड के प्रधानमंत्री ने अगस्त 2024 में पीएम मोदी की वारसॉ यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि उसी दौरान रणनीतिक साझेदारी स्थापित करने का निर्णय लिया गया था। उन्होंने बताया, "आज, हमने प्रधानमंत्री के साथ मिलकर इसके शुरुआती नतीजों की समीक्षा की और आने वाले वर्षों में हमारे सहयोग की प्राथमिकताओं को तय करने पर जोर दिया।" उन्होंने विश्वास जताया कि दोनों देशों के बीच तालमेल स्वाभाविक है क्योंकि उन्हें विभाजित करने वाला कोई ऐतिहासिक मुद्दा नहीं है।
व्यक्तिगत संबंध और ऐतिहासिक प्रेरणा
प्रधानमंत्री मोदी की सराहना करते हुए टस्क ने कहा, "मुझे इस बात पर बहुत गर्व है - सच में बहुत गर्व है - कि मैं खुद को आपका दोस्त कह सकता हूं, प्रधानमंत्री जी।" उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पोलैंड भारत की परंपरा और इतिहास से प्रेरित है। टस्क ने कहा, "पोलैंड की महान 'सॉलिडेरिटी' क्रांति अहिंसा पर आधारित थी, और हम आपकी परंपरा और इतिहास से बहुत प्रेरित हुए हैं।"
आर्थिक विकास और वैश्विक सहयोग
दोनों देशों की आर्थिक प्रगति पर बात करते हुए डोनाल्ड टस्क ने कहा, "पिछले 35 साल सभी देशों के लिए अभूतपूर्व आर्थिक सफलता और तेज विकास के रहे हैं... दुनिया हमें - यानी भारत के विकास और पोलैंड के विकास को - ईर्ष्या से देखती है।" उन्होंने G20 जैसे वैश्विक मंचों पर भारत के साथ मिलकर काम करने की इच्छा जताई और सहयोग के प्रस्ताव के लिए पीएम मोदी का आभार व्यक्त किया।
आपसी विश्वास के प्रतीक
टस्क ने यूक्रेन पर रूसी हमले के बाद भारतीय छात्रों की मदद करने की घटना को "एकजुटता, विश्वास और दोस्ती" का व्यावहारिक उदाहरण बताया। उन्होंने 'गुड महाराजा' का भी जिक्र किया और कहा कि वे पोलैंड की सामूहिक स्मृति में बसे हुए हैं। उन्होंने विश्वास जताते हुए कहा, "मुझे यकीन है कि हम कभी आपको निराश नहीं करेंगे, और आप भी हमें कभी निराश नहीं करेंगे।"
इनपुट: IANS



