गुजरात: चांदीपुरा वायरस का बढ़ता कहर, 39 मामलों की पुष्टि, 23 लोगों की मौत
गुजरात में चांदीपुरा वायरस का प्रकोप चिंता का विषय बना हुआ है, जहां 30 जून से लेकर अब तक इस संक्रमण से 23 मरीजों की मौत हो चुकी है। राज्य के स्वास्थ्य विभाग द्वारा शनिवार (8 अगस्त) को जारी नवीनतम…
गुजरात में चांदीपुरा वायरस का प्रकोप चिंता का विषय बना हुआ है, जहां 30 जून से लेकर अब तक इस संक्रमण से 23 मरीजों की मौत हो चुकी है। राज्य के स्वास्थ्य विभाग द्वारा शनिवार (8 अगस्त) को जारी नवीनतम आंकड़ों में इस वायरस के बढ़ते मामलों की पुष्टि हुई है।
समाचार एजेंसी IANS से मिली जानकारी के अनुसार, 30 जून से 8 अगस्त के बीच राज्य में कुल 217 संदिग्ध मामले सामने आए। इनमें से 208 नमूनों की जांच रिपोर्ट आ चुकी है, जिसमें 39 लोगों में चांदीपुरा वायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है। चिंताजनक बात यह है कि इन पुष्ट मामलों में से 23 लोगों की जान जा चुकी है। फिलहाल 9 नमूनों की रिपोर्ट आना बाकी है, जिससे संक्रमण के और मामले सामने आने की आशंका है।
पंचमहल से शुरू हुआ था प्रकोप
इस वायरस का पहला मामला पंचमहल जिले से सामने आया था, जब गोधरा तालुका के दो गांवों के दो छोटे बच्चों की संक्रमण के बाद मौत हो गई थी। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में घर-घर जाकर सर्वेक्षण करने और कीटनाशक छिड़काव के लिए सैकड़ों स्वास्थ्यकर्मियों की टीमों को तैनात किया। हालांकि, जुलाई के मध्य तक संक्रमण राज्य के कई अन्य जिलों में भी फैलने लगा।
लगातार बढ़ रहे हैं आंकड़े
राज्य में निगरानी और जांच अभियान तेज होने के साथ ही मामलों में भी लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। 14 जुलाई को जहां केवल 27 संदिग्ध मामले थे और 7 मामलों की पुष्टि हुई थी, वहीं अगस्त के पहले सप्ताह तक यह आंकड़ा बढ़कर 184 संदिग्ध मामले, 35 पुष्ट संक्रमण और 22 मौतों तक पहुंच गया था। अब नवीनतम आंकड़ों में यह संख्या और बढ़ गई है।
क्या है चांदीपुरा वायरस?
विशेषज्ञों के मुताबिक, चांदीपुरा वायरस मुख्य रूप से सैंडफ्लाई (रेतीली मक्खी) के काटने से फैलता है। यह विशेषकर बच्चों में 'एक्यूट एन्सेफलाइटिस सिंड्रोम' का कारण बन सकता है, जो एक गंभीर दिमागी बीमारी है। यह बीमारी बहुत तेजी से गंभीर रूप ले लेती है, इसलिए इसके लक्षणों की समय पर पहचान और तत्काल इलाज बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। स्वास्थ्य विभाग ने कहा है कि राज्यभर में निगरानी और जांच की प्रक्रिया लगातार जारी है।
इनपुट: IANS



