तेलंगाना: तीन साल में 7% बढ़े अपराध, नशीले पदार्थों के मामलों में 46% का चौंकाने वाला उछाल
तेलंगाना में पिछले तीन वर्षों के दौरान समग्र अपराध दर में 7.15 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। सबसे चिंताजनक बात नशीले पदार्थों (नारकोटिक्स) से जुड़े मामलों में देखने को मिली है, जिनमें 46.10…
तेलंगाना में पिछले तीन वर्षों के दौरान समग्र अपराध दर में 7.15 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। सबसे चिंताजनक बात नशीले पदार्थों (नारकोटिक्स) से जुड़े मामलों में देखने को मिली है, जिनमें 46.10 प्रतिशत की भारी बढ़ोत्तरी हुई है। ये आंकड़े राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) सीवी आनंद द्वारा बुलाई गई अर्धवार्षिक अपराध समीक्षा बैठक में सामने रखे गए।
समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इन तीन वर्षों (2023-24 से 2025-26) में कुल आपराधिक मामले 2,65,377 से बढ़कर 2,84,363 हो गए। इसी अवधि में संगठित अपराध (ऑर्गनाइज्ड क्राइम) के मामलों में 1,704 प्रतिशत का असाधारण उछाल आया, जिसमें मामलों की संख्या 25 से बढ़कर 451 हो गई।
गंभीर अपराध घटे, गैर-गंभीर मामले बढ़े
हालांकि, कुछ श्रेणियों में राहत की खबर भी है। डीजीपी कार्यालय के अनुसार, गंभीर अपराधों (ग्रेव क्राइम्स) में 10.33 प्रतिशत की उल्लेखनीय कमी आई है। 2024-25 में दर्ज 7,019 मामलों की तुलना में 2025-26 में यह संख्या घटकर 6,294 रह गई। हैदराबाद आयुक्तालय में गंभीर अपराधों में 26.23% की कमी दर्ज की गई।
इसके विपरीत, गैर-गंभीर अपराधों की संख्या में 7.28 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जो 2,59,201 से बढ़कर 2,78,069 हो गई। कोमाराम भीम आसिफाबाद जिले में 70.88% और आदिलाबाद में 60.71% की तेज वृद्धि देखी गई।
साइबर क्राइम में गिरावट, नारकोटिक्स बड़ी चुनौती
आंकड़ों के अनुसार, साइबर अपराध के मामलों में 13.29% की कमी आई है, और मामले 25,373 से घटकर 22,000 रह गए हैं। आर्थिक अपराध भी 13.28% घटकर 37,690 से 32,684 हो गए।
लेकिन नशीले पदार्थों के बढ़ते मामले पुलिस विभाग के लिए एक बड़ी चुनौती बने हुए हैं। साइबराबाद में इन मामलों में 90.98% की वृद्धि हुई, जबकि वारंगल में यह आंकड़ा 142.31% रहा।
डीजीपी के निर्देश
डीजीपी सीवी आनंद ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को अपराध जांच में पेशेवर मानकों का सख्ती से पालन करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा, “अपराध समीक्षा केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि हर अपराध के कारण, अपराधियों के तरीके, जांच की गुणवत्ता और मामलों के निपटारे का गहराई से विश्लेषण किया जाना चाहिए।” उन्होंने यह भी बताया कि क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम्स (CCTNS) पर डेटा अपडेट की दर अब बढ़कर 96 प्रतिशत हो गई है।
इनपुट: IANS



