सिप्ला के मुनाफे में भारी गिरावट, पहली तिमाही में 39% घटकर ₹789 करोड़ रहा
प्रमुख दवा कंपनी सिप्ला ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के नतीजों की घोषणा कर दी है, जिसमें उसके मुनाफे में तेज गिरावट दर्ज की गई है। समाचार एजेंसी IANS से मिली जानकारी के अनुसार…
प्रमुख दवा कंपनी सिप्ला ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के नतीजों की घोषणा कर दी है, जिसमें उसके मुनाफे में तेज गिरावट दर्ज की गई है। समाचार एजेंसी IANS से मिली जानकारी के अनुसार, कंपनी का एकीकृत शुद्ध लाभ पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 39.2% घटकर 789.05 करोड़ रुपये रह गया। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह आंकड़ा 1,297.91 करोड़ रुपये था।
मुनाफे में इस बड़ी कमी के पीछे कंपनी के बढ़े हुए खर्च एक प्रमुख वजह रहे। जून तिमाही में सिप्ला का कुल खर्च सालाना आधार पर 14.7% बढ़कर 6,248.25 करोड़ रुपये पर पहुंच गया, जबकि पिछले साल यह 5,446.10 करोड़ रुपये था। हालांकि, खर्च बढ़ने के बावजूद कंपनी अपनी आय में मामूली वृद्धि करने में सफल रही।
आय के आंकड़े और लेखांकन में बदलाव
इस तिमाही के दौरान कंपनी का परिचालन से राजस्व 2.3% की बढ़त के साथ 7,119.28 करोड़ रुपये रहा। सिप्ला ने यह भी स्पष्ट किया कि आय की तुलना के आंकड़ों पर लेखांकन के तरीके में एक बदलाव का असर पड़ा है। कंपनी ने 1 अप्रैल, 2026 से मार्केटिंग और प्रमोशनल खर्चों को 'अन्य खर्चों' के बजाय सीधे 'परिचालन से आय' से घटाकर दिखाना शुरू कर दिया है।
कंपनी के मुताबिक, अगर पिछले साल के आंकड़ों को भी इसी नई पद्धति के हिसाब से समायोजित किया जाए, तो आय में वास्तविक वृद्धि लगभग 4% बैठती है। सिप्ला ने अपनी नियामकीय फाइलिंग में साफ किया कि इस बदलाव का कंपनी के शुद्ध लाभ, प्रति शेयर आय (EPS) या नकदी प्रवाह पर कोई असर नहीं पड़ा है।
भविष्य को लेकर प्रबंधन का नजरिया
नतीजों पर सिप्ला लिमिटेड के प्रबंध निदेशक और ग्लोबल सीईओ अचिन गुप्ता ने कहा, "हमें यह बताते हुए खुशी हो रही है कि हमारे प्रमुख बाजारों में लगातार मजबूत प्रगति जारी है।" उन्होंने बताया कि ब्रांडेड प्रिस्क्रिप्शन और ट्रेड जेनेरिक्स कारोबार में अच्छी वृद्धि देखी गई। अचिन गुप्ता ने आगे कहा, "हमें उम्मीद है कि उत्तर अमेरिकी बाजार में आगामी उत्पादों की मजबूत पाइपलाइन के दम पर तिमाही-दर-तिमाही वृद्धि जारी रहेगी। वहीं, दक्षिण अफ्रीका का प्राइवेट बिजनेस भी बाजार की तुलना में तेज गति से बढ़ता रहा।"
इनपुट: IANS



