श्रीनगर में राजनीतिक टकराव: भाजपा और नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रदर्शनों के चलते सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में बुधवार को राजनीतिक माहौल गरमा गया, जब सत्ताधारी नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) और विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने एक-दूसरे के खिलाफ प्रदर्शनों का ऐलान कर दिया…
जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में बुधवार को राजनीतिक माहौल गरमा गया, जब सत्ताधारी नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) और विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने एक-दूसरे के खिलाफ प्रदर्शनों का ऐलान कर दिया। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इस राजनीतिक खींचतान के चलते किसी भी अप्रिय घटना को रोकने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए शहर में सुरक्षाबलों की भारी तैनाती की गई है।
फारूक अब्दुल्ला के नेतृत्व वाली नेशनल कॉन्फ्रेंस ने राज्य का दर्जा बहाल करने, संवैधानिक सुरक्षा और जम्मू-कश्मीर से जुड़े अन्य मुद्दों की मांग को लेकर श्रीनगर और जम्मू में भाजपा मुख्यालयों का 'शांतिपूर्ण घेराव' करने की घोषणा की थी। इसके जवाब में भाजपा ने भी एक विरोध मार्च का आयोजन किया।
शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने श्रीनगर के जवाहर नगर स्थित भाजपा मुख्यालय की ओर जाने वाले कई रास्तों को बंद कर दिया। गाड़ियों की आवाजाही को भी इस इलाके में प्रतिबंधित कर दिया गया। जवाहर नगर, राज बाग और वजीर बाग समेत आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया, जिसका असर स्थानीय रिहायशी और व्यावसायिक क्षेत्रों के यातायात पर भी पड़ा।
भाजपा का जवाबी विरोध प्रदर्शन
वहीं दूसरी ओर, भाजपा ने नेशनल कॉन्फ्रेंस सरकार पर 2024 के चुनावों में किए गए वादों को पूरा न करने का आरोप लगाते हुए एक विरोध मार्च की योजना बनाई। पार्टी ने सरकार पर रोजगार, मुफ्त बिजली और बेहतर प्रशासन जैसे वादे पूरे करने में विफल रहने का आरोप लगाया। भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने शहर के लाल चौक से सिविल सचिवालय तक मार्च निकालने का फैसला किया। भारी सुरक्षा तैनाती के बावजूद, भाजपा कार्यकर्ता अपने मार्च के लिए लाल चौक पर एकत्र हुए। अधिकारियों ने लाल चौक और सिविल सचिवालय की ओर जाने वाली सड़कों पर भी सुरक्षाबलों की व्यापक तैनाती की है, ताकि किसी भी तरह के टकराव को टाला जा सके।
इनपुट: IANS



