रविवार, 23 अगस्त 2026 · नई दिल्ली
बिहार

मधुबनी: हिरासत में युवक की मौत पर तेजस्वी यादव ने मानवाधिकार आयोग को लिखा पत्र, स्वतंत्र जांच की मांग

बिहार के मधुबनी में 19 वर्षीय युवक की न्यायिक हिरासत में हुई मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव ने इस मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) से…

मधुबनी: हिरासत में युवक की मौत पर तेजस्वी यादव ने मानवाधिकार आयोग को लिखा पत्र, स्वतंत्र जांच की मांग
(फोटो: IANS)

बिहार के मधुबनी में 19 वर्षीय युवक की न्यायिक हिरासत में हुई मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव ने इस मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने आयोग के अध्यक्ष को पत्र लिखकर दोषी अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया है।

विज्ञापन

राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर यह पत्र साझा किया। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, अपने पत्र में उन्होंने आरोप लगाया कि मधुबनी में पुलिस हिरासत में 19 वर्षीय रौशन यादव की "निर्मम हत्या" कर दी गई। उन्होंने कहा कि वे इस मामले को हर मंच पर उठाएंगे ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।

क्या है पूरा मामला?

पत्र में दिए गए विवरण के मुताबिक, रौशन यादव 27 मई 2026 से न्यायिक हिरासत में थे। 10 अगस्त को वह मधुबनी जिले के रामपुर स्थित मंडल कारागार में मृत पाए गए। जेल अधिकारियों का दावा है कि उनकी मौत फांसी लगाने से हुई है। हालांकि, रौशन के परिवार ने इस दावे को खारिज करते हुए उनके शरीर पर चोट के कई निशान होने की बात कही है। परिवार का यह भी आरोप है कि गिरफ्तारी की कोई लिखित सूचना भी उन्हें नहीं दी गई थी।

जांच और मुआवजे की मांग

तेजस्वी यादव ने आयोग से मांग की है कि वह बिहार के पुलिस महानिदेशक और जेल महानिदेशक से इस मामले पर रिपोर्ट तलब करे। उन्होंने गिरफ्तारी से लेकर मौत तक की पूरी घटना की स्वतंत्र जांच कराने का अनुरोध किया है। पत्र में हिरासत में मौत से जुड़े आयोग के दिशानिर्देशों के पालन की भी जांच की मांग शामिल है, जिसमें दो अलग-अलग थानों की सीसीटीवी फुटेज, अनिवार्य स्वास्थ्य जांच, परिवार को सूचना और पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी जैसे पहलू शामिल हैं।

राजद नेता ने अपने बयान में बिहार सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि राज्य में शासन-व्यवस्था कमजोर होने के कारण अफसरशाही "बेलगाम और भ्रष्ट" हो चुकी है। उन्होंने कहा कि मृतक एक गरीब परिवार से थे, जिनके परिवार में उनकी विधवा मां और दो बहनें हैं, और निर्दोष नागरिकों की बलि किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी।

इनपुट: IANS

N

News4Social बिहार डेस्क

News4Social बिहार डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से बिहार से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →