स्मृति के करीबी सुरेन्द्र की हत्या, स्मृति ने दिया अर्थी को कंधा
लोकसभा चुनाव में गांधी परिवार के गढ़ अमेठी में सेंध लगाकर चुनाव जीतने वाली स्मृति ईरानी के क़रीबी सुरेन्द्र सिंह की हत्या कर दी गई है।
लोकसभा चुनाव में गांधी परिवार के गढ़ अमेठी में सेंध लगाकर चुनाव जीतने वाली स्मृति ईरानी के क़रीबी सुरेन्द्र सिंह की हत्या कर दी गई है। अज्ञात बदमाशों ने सुरेन्द्र सिंह को निशाना बनाया और उनकी हत्या कर दी गई। स्मृति ईरानी सुरेन्द्र सिंह की अर्थी को कंधा देने के लिए अमेठी पहुंची।

इस दौरान उन्होंने सुरेंद्र सिंह की मां की गोद में अपना सिर रख कर कहा कि आज से मैं ही आपका बेटा हूं। स्मृति ने जहां बड़े भाई नरेंद्र के पैर छूकर बहन होने का अहसास कराया, तो वहीं दिवंगत कार्यकर्ता की पत्नी को बांहों में भर अपनपन का मरहम लगाने की भी कोशिश की। शादीशुदा बेटी पूजा व प्रतिमा के सिर पर अपना हाथ फेरा और कहा हर पल साथ रहेगी तेरे पापा की दीदी।
बेटे को खिलाई कसम- 'कुछ गलत नहीं करोगे'
सुरेंद्र सिंह का 21 वर्षीय
बेटा अभय नवनिर्वाचित सांसद स्मृति ईरानी को देखकर अपने आंसू नहीं रोक पाया और रो
पड़ा। स्मृति ने उसे गले
लगा लिया और उसका हाथ थामकर कहा, ‘कसम खाओ
मेरी कि तुम कुछ गलत नहीं करोगे’। उन्होंने
कहा- 'तुमने अपने पापा को और हमने अपना भाई
खोया है।' इतना सुनते ही वहां खड़ा हर शख्स सन्न
रह गया।
स्मृति अभय का हाथ पकड़ घर से बाहर आईं और कहा आओ कांधा देते हैं।
एक तरफ स्मृति ने अर्थी में कांधा लगाया तो दूसरी ओर बेटे अभय ने। पिता की मौत के
गम में सुधबुध हो चुका बैठा बेटा कुछ कदम चलकर लड़खड़ाया, तो भाजपा के दूसरे बड़े नेताओं ने अर्थी थाम ली।



