पटना: बंटी यादव हत्याकांड में प्रशांत किशोर ने उठाई आवाज़, पीड़ित परिवार से मिलकर न्याय का दिलाया भरोसा
पटना में कारोबारी बंटी कुमार यादव की अपहरण के बाद हुई हत्या के मामले में जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, गुरुवार को न्यू करबिगहिया स
पटना में कारोबारी बंटी कुमार यादव की अपहरण के बाद हुई हत्या के मामले में जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, गुरुवार को न्यू करबिगहिया स्थित बंटी यादव के घर पहुंचकर उन्होंने शोक संतप्त परिजनों को सांत्वना दी और न्याय दिलाने का भरोसा दिलाया। प्रशांत किशोर ने इस मामले में पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
गौरतलब है कि करबिगहिया निवासी कारोबारी बंटी यादव का 6 जुलाई को अपहरण हो गया था और पांच दिन बाद 11 जुलाई को अथमलगोला थाना क्षेत्र से उनका शव बरामद हुआ था। इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन जांच अभी भी जारी है।
परिवार की तीन प्रमुख मांगें
प्रशांत किशोर ने मीडिया से बातचीत में बताया कि पीड़ित परिवार की सरकार और प्रशासन से तीन मुख्य मांगें हैं। पहली मांग है कि मामले में नामजद सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार कर कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। दूसरी मांग में, कोतवाली और जक्कनपुर थाने के उन पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाए जिनकी भूमिका संदिग्ध मानी जा रही है। तीसरी मांग के तौर पर परिवार ने उचित मुआवजे और किसी एक योग्य सदस्य के लिए सरकारी नौकरी की गुहार लगाई है।
पुलिस और सरकार की कार्यशैली पर सवाल
प्रशांत किशोर, जो बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के उम्मीदवार भी हैं, ने पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब परिवार ने धरना दिया था, तब पुलिस ने दो दिनों में बंटी यादव को ढूंढ निकालने का आश्वासन दिया था। इसी आश्वासन पर भरोसा करके परिवार ने अपना प्रदर्शन खत्म किया था। उन्होंने इस बात पर भी आपत्ति जताई कि किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसके चरित्र पर सवाल उठाना या उसे अवैध गतिविधियों से जोड़ना गलत है। किशोर ने कहा, "यदि मृतक किसी अवैध कार्य में शामिल था तो पुलिस को पहले उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए थी।"
उन्होंने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रशासनिक जवाबदेही की कमी के कारण अपराध बढ़ रहे हैं और कानून-व्यवस्था की स्थिति पर गंभीर चिंतन की जरूरत है। प्रशांत किशोर ने स्पष्ट किया कि जब तक पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिल जाता, उनकी पार्टी इस मुद्दे पर आवाज उठाती रहेगी।
इनपुट: IANS



