मंगलवार, 21 जुलाई 2026 · नई दिल्ली
दुनिया

ईरान को ट्रंप की सीधी चेतावनी: एक अमेरिकी सैनिक की जान के बदले 'कई गुना ज़्यादा कीमत चुकानी होगी'

जॉर्डन में दो अमेरिकी सैनिकों की मौत के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को बेहद सख्त लहजे में चेतावनी दी है। ट्रंप ने साफ कहा है कि अगर ईरान ने किसी भी अमेरिकी सैनिक को नुकसान पहुंचाया तो उसे…

ईरान को ट्रंप की सीधी चेतावनी: एक अमेरिकी सैनिक की जान के बदले 'कई गुना ज़्यादा कीमत चुकानी होगी'
(फोटो: IANS)

जॉर्डन में दो अमेरिकी सैनिकों की मौत के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को बेहद सख्त लहजे में चेतावनी दी है। ट्रंप ने साफ कहा है कि अगर ईरान ने किसी भी अमेरिकी सैनिक को नुकसान पहुंचाया तो उसे इसकी कई गुना ज़्यादा कीमत चुकानी पड़ेगी। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, यह बयान मध्य-पूर्व में अमेरिका और ईरान के बीच पहले से जारी तनाव को और बढ़ा सकता है।

विज्ञापन

राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर अपने संदेश में कहा, "ईरान किसी अमेरिकी सैनिक की जान लेगा, तो उसे उस हत्या की कीमत कई गुना ज्यादा चुकानी पड़ेगी।" उन्होंने यह भी बताया कि यह निर्देश युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ, ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन डैनियल केन और सेना के सभी वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचा दिया गया है। मारे गए दोनों सैनिक 'ऑपरेशन इनहेरेंट रिजॉल्व' का हिस्सा थे।

ईरान का जवाबी रुख

दूसरी ओर, ईरान ने भी अमेरिका के प्रति अपना कड़ा रुख बरकरार रखा है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने सरकारी समाचार एजेंसी IRNA से कहा कि अमेरिका के साथ युद्ध तब तक नहीं रुकेगा, जब तक लड़ाई में उन्हें मजबूत बढ़त हासिल नहीं हो जाती। उन्होंने कहा, "बातचीत भी तभी होनी चाहिए, जब ईरान ऐसी स्थिति में हो जहां उसे लगे कि हालात उसके पक्ष में हैं।" अराघची के अनुसार, युद्ध का अंत या तो सैन्य जीत से होता है या बातचीत से, लेकिन जल्दबाजी में की गई बातचीत सही नहीं होगी।

ईरानी संसद अध्यक्ष की प्रतिक्रिया

ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने भी अमेरिका पर निशाना साधा है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "अमेरिकी लोग लगातार इस क्षेत्र में नए सैन्य उपकरण ला रहे हैं और दावा कर रहे हैं कि वे युद्ध रोकना चाहते हैं। उन्होंने शायद हमारी समझ को अपनी बुद्धि की तरह ही कमजोर मान रखा है।" गालिबाफ ने आगे कहा कि ईरान अब अमेरिकी चालों को अच्छी तरह समझता है और उसी के आधार पर अपनी तैयारी की है।

गौरतलब है कि दोनों देशों के बीच एक समझौता (एमओयू) टूटने के बाद से संघर्ष फिर शुरू हो गया है, जिससे मध्य-पूर्व में तनावपूर्ण हालात बने हुए हैं। पिछले नौ दिनों से दोनों पक्ष एक-दूसरे पर लगातार हमले कर रहे हैं।

इनपुट: IANS

N

News4Social इंटरनेशनल डेस्क

News4Social इंटरनेशनल डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →