अगर आप भी मछली खाने के शौक़ीन है तो मोनसून के मौसम में अपने इस शौक पर थोड़ा काबू रखे क्योंकि अगर आप बरसात के मौसम में मछली का सेवन करते है तो आगे चलकर आपके लिए यह काफी नुकसान दायक बन सकता है। आज हम आपको बताना चाहेंगे की मछली का सेवन कैसे अआप्के शरीर को नुकसान पहुंचा सकता है। बारिश के मौसम में मछलियों को बड़ी मात्रा में स्टोर करके रखा जाता है और यह ख़राब ना हो जाए इसलिए इन पर उन पर केमिकल का इस्तेमाल भी होता है ऐसे में अगर आप भी केमिकल से भरी मछलियों का सेवन करते है तो आगे चलकर आपको काफी दिक्कत का सामना कर पड़ सकता है।
इस मौसम में मछली खाने से पेट से जोड़ी दिक्कत यानि फ़ूड पॉइजनिंग भी हो सकती है। बारिश के मौसम में नदी या फिर नालों का बहता हुआ पानी तालाब या फिर नदियों में आता जाता है। जिसके कारण बहुत गंदगी फैल जाती है। जिनका सेवन जलीय जंतु करते है। जो कि उसके शरीर में चली जाती है। ऐसे में अगर आप उनका सेवन करेंगे तो वह आपके पेट में दर्द या फिर गंभीर दिक्कत हो सकती है।
मछलियों के प्रजनन का समय भी यही होता है, जब वे अंडे देती हैं। ऐसे में मछली का सेवन सेहत संबंधी समस्याएं को दावत देना है। इस वक़्त मछलियां पोषण का नहीं बल्कि केमिकल का गाड़ होती है। इसलिए मोनसून के सीजन में मछली का सेवन करने से बचे।

















