गाडरवारा नगर पालिका पर भ्रष्टाचार के आरोप: लोग बोले- पीएम आवास योजना में 1500 फर्जी लाभार्थियों को फायदा पहुंचाया; पीएमओ-EOW से शिकायत – Narsinghpur News h3>
नरसिंहपुर जिले की गाडरवारा नगर पालिका परिषद पर प्रधानमंत्री आवास योजना में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और लापरवाही के आरोप लगे हैं। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि योजना का लाभ वास्तविक गरीबों और जरूरतमंदों को नहीं मिला, बल्कि तीन-तीन मंजिला मकान वाले और न
.
बाहर के लोगों को दिखाया नगर निवासी
शिकायतकर्ता सुरेंद्र सिंह राजपूत ने बताया कि नगर पालिका के अधिकारियों ने नियमों की अनदेखी करते हुए नगर परिषद क्षेत्र से बाहर मकान बनवा दिए। उनका आरोप है कि एक-एक आवास पर एक लाख रुपए तक की रिश्वत लेकर करीब 1500 फर्जी लाभार्थियों को योजना का फायदा दिया गया।
राजपूत ने कहा कि चिरहकला गांव के हितग्राहियों को निरंजन वार्ड का निवासी दिखाकर उन्हें नगरीय क्षेत्र का लाभ दे दिया गया, जबकि वे ग्रामीण क्षेत्र के पात्र थे।
शिकायत प्रधानमंत्री कार्यालय और EOW तक पहुंची
सुरेंद्र सिंह राजपूत ने इस संबंध में प्रधानमंत्री कार्यालय, मुख्यमंत्री कार्यालय और आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत के बाद EOW ने जांच शुरू कर दी है और नगर पालिका के संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी कर बयान दर्ज किए गए हैं।
हालांकि, उन्होंने कहा कि सात-आठ महीने बीत जाने के बाद भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। राजपूत का कहना है कि वे अब मामले को लेकर उच्च न्यायालय जाने की तैयारी में हैं।
स्थानीय नागरिकों ने भी जताई नाराजगी
स्थानीय नागरिकों ने भी योजना में अनियमितताओं पर नाराजगी जताई है। नगर के दिलीप जाटव ने बताया कि उनके पिता और दादा पचास साल से गाडरवारा में रह रहे हैं, लेकिन आज तक उनके परिवार का नाम आवास योजना में नहीं आया।
कई बार नगर पालिका के चक्कर लगाने के बाद भी सुनवाई नहीं हुई। वहीं, ममता बाई जाटव ने कहा कि वे चालीस साल से यहां रह रही हैं और चार-पांच बार फॉर्म भरने के बाद भी उन्हें मकान नहीं मिला। बरसात में उनके घर के गिरने का डर बना रहता है।
सीएमओ बोले- पुराना मामला, फर्जीवाड़ा मिला तो कार्रवाई होगी
इस मामले में नगर पालिका सीएमओ वैभव देशमुख ने कहा कि यह पुराने प्रकरण हैं। लाभ उन्हीं लोगों को दिया गया, जिनके दस्तावेज नियमानुसार थे। यदि जांच में किसी लाभार्थी के दस्तावेज फर्जी पाए जाते हैं, तो निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी।
