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क्या शरद पूर्णिमा की रात को खुली छत में सोना चाहिए?

(फोटो: IANS)

शारदीय नवरात्रि के खत्म होने के बाद शरद पूर्णिमा आती है। हिंदू पंचांग के अनुसार आश्विन माह की पूर्णिमा तिथि पर शरद पूर्णिमा मनाई जाती है।धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शरद पूर्णिमा के दिन भगवान विष्णु के…

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धार्मिक मान्यतापौराणिक मान्यता है कि शरद पूर्णिमा की मध्यरात्रि में चंद्रमा की सोलह कलाओं से अमृत वर्षा होने पर ओस के कण के रूप में अमृत बूंदें खीर के पात्र में भी गिरेंगी जिसके फलस्वरूप यही खीर अमृत…

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वैज्ञानिक मान्यताक्या शरद पूर्णिमा की रात को खुली छत में सोने का कोई वैज्ञानिक या धार्मिक मान्यता नहीं है पर शरद पूर्णिमा की रात को छत पर खीर को रखने के पीछे वैज्ञानिक तथ्य भी छिपा है। खीर दूध और चावल…

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शरद पूर्णिमा पर उपायखीर में मिश्रित दूध, चीनी और चावल के कारक भी चंद्रमा ही हैं अतः इनमें चंद्रमा का प्रभाव सर्वाधिक रहता है जिसके परिणाम स्वरूप किसी भी जातक की जन्म कुंडली में चंद्रमा क्षीण हों,…

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आषाढ़ शुक्ल एकादशी से कार्तिक शुक्ल एकादशी तक के मध्य जब भगवान विष्णु शयन मुद्रा में होते हैं तो पृथ्वी पर भुखमरी, दरिद्रता व सूखे की देवी 'अलक्ष्मी' का साम्राज्य रहता है इन्हीं के साथ प्रलय के अन्य त…

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