केंद्र सरकार की मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना हरियाणा के यमुनानगर में किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण ज़रिया बन गई है, जिससे वे अपनी खेती की लागत को कम कर पा रहे हैं। समाचार एज…
पिछले साल यमुनानगर जिले में 1,10,158 मिट्टी के नमूनों की जांच की गई और सभी किसानों को उनकी रिपोर्ट यानी मृदा स्वास्थ्य कार्ड उपलब्ध कराया गया। जिला कृषि अधिकारी आदित्य डब…
यमुनानगर के जगाधरी स्थित सॉयल टेस्टिंग लैब में एनालिटिकल एसोसिएट योगेश ने बताया कि मिट्टी के 12 प्रमुख मापदंडों की जांच की जाती है। इनमें पीएच (अम्लीय/क्षारीय स्तर), ईसी…
योगेश के अनुसार, "कई बार मिट्टी में कुछ पोषक तत्व पहले से पर्याप्त मात्रा में मौजूद होते हैं, ऐसे में किसानों को उन्हें दोबारा डालने की जरूरत नहीं होती। बिना जांच के किसा…
आदित्य डबास ने इस बात पर जोर दिया कि किसान पारंपरिक रूप से डीएपी, यूरिया और जिंक का इस्तेमाल तो करते हैं, लेकिन मिट्टी की वास्तविक जरूरत का पता जांच से ही चलता है। उन्हों…
मृदा स्वास्थ्य कार्ड यह तय करने में मदद करता है कि किस फसल में कौन-सा उर्वरक कितनी मात्रा में डालना है। इसके साथ ही, कृषि और मृदा परीक्षण विभाग द्वारा ब्लॉक स्तर पर जागरू…
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