भारत में ऊर्जा क्षेत्र एक बड़े बदलाव की दहलीज़ पर खड़ा है, जहाँ बैटरी स्टोरेज के साथ नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) अब नए कोयला बिजलीघरों से भी कम लागत पर 24 घंटे भरोस…
इस अध्ययन का आधार भारतीय सौर ऊर्जा निगम (SECI) द्वारा आयोजित 1,000 मेगावाट क्षमता की एक नीलामी है। इस नीलामी के नतीजों ने विशेषज्ञों का ध्यान खींचा, क्योंकि इसमें 25 साल…
अध्ययन के शोधकर्ताओं का कहना है कि यह परिणाम साबित करता है कि सौर और बैटरी का संयोजन कोयले से मिलने वाली बिजली की तरह ही निरंतर आपूर्ति कर सकता है। इसका सबसे बड़ा फायदा य…
इस नीलामी की संरचना बेहद अनूठी थी, जिसमें बिजली उत्पादकों को शाम, रात और सुबह के व्यस्त समय (पीक आवर्स) में सबसे ज़्यादा बिजली देने के लिए कहा गया था।
खरीदार द्वारा चुने गए 6 पीक घंटों में कम से कम 90% अनुबंधित क्षमता की आपूर्ति अनिवार्य थी।
अन्य गैर-सौर घंटों में यह सीमा 70% और दिन के सौर घंटों में 50-60% रखी गई।
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