अनिल अंबानी समूह की कंपनी रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (RIL) के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 187 करोड़ रुपये के कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में एक विशेष अदालत में मुक…
ईडी ने शनिवार को प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत यह शिकायत दर्ज की। इसमें रिलायंस इंफ्रा के अलावा सतीश सेठ और अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया गया है, जिन पर प…
जांच एजेंसी के मुताबिक, यह मामला NHAI के चार टोल-रोड प्रोजेक्ट्स से जुड़ा है, जिनमें त्रिची-करूर (NH-67), त्रिची-डिंडीगुल (NH-45), सलेम-उलुंदुरपेट (NH-68) और जयपुर-रींगस…
आरोप है कि सितंबर-अक्टूबर 2010 के दौरान, फर्जी सब-कॉन्ट्रैक्टिंग के नाम पर लगभग 187 करोड़ रुपये का गबन किया गया। इसके लिए जाली या पिछली तारीखों के समझौते तैयार किए गए थे।
ईडी के बयान के अनुसार, पैसा रिलायंस इंफ्रा या उसके स्पेशल पर्पस व्हीकल्स (SPV) से पहले निर्माण ठेकेदारों को भेजा गया। वहां से यह रकम ऐसी शेल कंपनियों तक पहुंचाई गई, जिनका…
एजेंसी ने इस मामले की जांच मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा द्वारा 11 फरवरी, 2026 को दर्ज एक FIR के आधार पर शुरू की थी। यह FIR फर्जी दस्तावेजों का उपयोग करके बनाई गई शेल…
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