RSS: हर साल 1.20 लाख रिक्वेस्ट… 20 से 35 साल वाले युवाओं में बढ़ा आरएसएस की सदस्यता लेने का क्रेज
युवाओं में बढ़ रहा क्रेज
मनमोहन वैद्य बताया कि आज संघ के प्रति लोगों की रुचि बढ़ रही है। लोग संघ को ढूंढ़ते हुए डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से संघ के साथ जुड़ने के लिए निवेदन कर रहे हैं। वर्ष 2017 से 2022 तक ‘ज्वाइन आरएसएस’ के माध्यम से संघ के पास 7,25,000 आवेदन आए हैं। इनमें से ज्यादातर 20 से 35 साल आयु वर्ग के युवक हैं, जो समाज सेवा के लिए संघ से जुड़ना चाहते हैं। दैनिक शाखाओं में भी युवाओं की रुचि बढ़ रही है। संघ की 60 प्रतिशत शाखाएं विद्यार्थी शाखाएं हैं। पिछले एक वर्ष में 1 लाख 21 हजार 137 युवाओं ने संघ का प्राथमिक शिक्षण प्राप्त किया है। आगामी वर्ष की योजना में देशभर में संघ शिक्षण के 109 शिक्षण वर्ग लगेंगे, जिसमें लगभग 20 हजार स्वयंसेवकों के शिक्षण प्राप्त करने का अनुमान है।
901 जिलों में संघ का प्रत्यक्ष कार्य चल रहा
उन्होंने बताया कि 2025 में संघ अपने स्थापना के 100 वर्ष पूरे करने जा रहा है। वर्तमान में संघ 71355 स्थानों पर प्रत्यक्ष तौर पर कार्य कर समाज परिर्वतन के महत्वपूर्ण कार्य में अपनी भूमिका निभा रहा है। अगले एक वर्ष तक एक लाख स्थानों तक पहुंचना संघ का लक्ष्य है। वर्ष 2020 में आई कोरोना आपदा के बाद भी संघ कार्य बढ़ा है। 2020 में 38913 स्थानों पर 62491 शाखा, 20303 स्थानों पर साप्ताहिक मिलन और 8732 स्थानों पर मासिक मंडली चल रही थी। 2023 में यह संख्या बढ़कर 42613 स्थानों पर 68651 शाखाएं, 26877 स्थानों पर साप्ताहिक मिलन और 10412 स्थानों पर मासिक मंडली तक पहुंच गई है। संघ की दृष्टि से देशभर में 911 जिले हैं, जिनमें से 901 जिलों में संघ का प्रत्यक्ष कार्य चलता है।
युवाओं के रोजगार पर कही ये बात
डॉ. मनमोहन वैद्य ने देशभर में युवाओं के रोजगार पर कहा कि सारे देश मे नौकरी मांगने वाले हैं, देने वाले कम हैं। नौकरी मांगने के बजाय स्वयं उद्योग शुरू करने पर चर्चा की जा रही है। स्वदेशी जागरण मंच द्वारा इस पर कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि केरल में सबसे ज्यादा शाखाएं हैं। शाखा में महिलाओं को जोड़ने पर भी विचार चल रहा है।