RSS के शताब्दी-वर्ष में पूर्वांचल को मजबूती देंगे भागवत: 4 दिनी दौरे पर आज काशी पहुंचेंगे संघ प्रमुख, मिर्जापुर-गाजीपुर और सोनभद्र जाएंगे – Varanasi News h3>
यह तस्वीर आरएसएस के प्रमुख डा. मोहन भागवत की है।
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के मोहन भागवत सरसंघचालक मोहन भागवत आज चार दिवसीय दौरे पर काशी आ रहे हैं। संघ प्रमुख केवल काशी नहीं पूर्वांचल के कई जिलों का दौरा करेंगे। काशी में आरएसएस के शताब्दी वर्ष पर मजबूती और सक्रियता पर मंथन करेंगे। कार्यकर्ताओं को दे
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आरएसएस चीफ संघ की शाखा में योग और व्यायाम करेंगे तो बौद्धिक सत्र में संघ की रीति और नीति पर चर्चा करेंगे। युवा स्वयंसेवकों के साथ संघ की 100 वर्ष पुरानी समृद्ध विरासत पर जानकारी देंगे। इसके साथ आने वाले भविष्य में संघ की भूमिका और देश में परिवर्तन की बात रखेंगे। उनके बौद्धिक के विषय पहले से तय होंगे।
संघ प्रमुख प्रवास के दौरान एक स्कूल में शहर के प्रबुद्ध वर्ग से मिलने उनके साथ भोजन करने के साथ बौद्धिक संवाद करेंगे। 100 लोगों की सूची लगभग तैयार कर ली गई है। इसमें प्रोफेसर, समाज चिंतक, शोधार्थी, डॉक्टर और साहित्य से जुड़ी तमाम हस्तियों से भेंट करेंगे।
आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने पिछले दौरे पर काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन भी किया था।
आरएसएस के मुखिया और छठवें सर संघचालक डा. मोहन भागवत दोपहर बाद काशी पहुंचेंगे। चार दिनी दौरे में संघ के वर्षभर के प्रमुख कार्यों की रूपरेखा तय करेंगे। वे 3-7 अप्रैल के बीच कई कार्यक्रमों में शिरकत करेंगे और काशी से पूरे पूर्वांचल को साधेंगे। काशी में देश भर में नई संघ शाखाओं की रूप रेखा तय करेंगे।
संघ प्रमुख मोहन भागवत काशी प्रवास पर हर गांव, हर बस्ती, घर-घर अभियान चलाएगा। संघ का साहित्य काशी के हर घर तक पहुंचेगा। इन्हीं कार्यक्रमों के बीच वह शताब्दी वर्ष की तैयारियों पर चर्चा करेंगे और अभियान को लेकर स्वयंसेवकों से संवाद करेंगे। आरएसएस प्रमुख के आगमन को लेकर पदाधिकारियों ने तैयारियां पूरी कर ली हैं।
वाराणसी दौरे पर गणवेश में मोहन भागवत एक शाखा में भी जाएंगे और बौद्धिक सत्र को संबोधित करेंगे।
100 वें वर्ष में संघ, शताब्दी बौद्धिक में मंथन
आरएसएस के प्रांतीय पदाधिकारी ने बताया कि विजयादशमी पर संघ अपने 100 साल पूरे करेगा, यह संघ का 100 वां वर्ष चल रहा है। शताब्दी वर्ष को लेकर संघ बेहद उत्साहित है लेकिन इसकी सार्थकता जरूरी है। मोहन भागवत का दौरा संघ के आत्मचिंतन और मंथन का समय होगा। समाज के लिए संघ और क्या कर सकता है, इसकी रूपरेखा तैयार होगी।
संघ कार्यों को समाज की ओर से जो समर्थन मिला है, उसका आभार जताया जाएगा। इसे अक्तूबर-नवंबर से शुरू कर दिया जाएगा। लोगों का आभार भी जताएंगे और संघ का साहित्य घर-घर पहुंचाया जाएगा। शताब्दी वर्ष पर संघ गणवेश में खंड और नगर स्तर पर कार्यक्रमों का आयोजन होगा। युवाओं के लिए विशेष कार्यक्रम किए जाएंगे। इन योजनाओं पर काम चल रहा है।
मोहन भागवत अपने दौरे में काशी के अलाव मिर्जापुर, गाजीपुर, सोनभद्र भी जाएंगे। काशी प्रवास के बाद संघ प्रमुख 7 अप्रैल को लखनऊ के लिए प्रस्थान करेंगे। 7 और 8 अप्रैल को लखनऊ में रहेंगे और फिर कानपुर जाएंगे। 30 अप्रैल को काशी में होने वाले सामूहिक विवाह कार्यक्रम में वह पुनः हिस्सा लेने के लिए आ सकते हैं।
विमान से आएंगे भागवत, एयरपोर्ट पर तैयार खड़ी फ्लीट
आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत आज शाम 4 बजे बाबतपुर वाराणसी के लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर उतरेंगे। मुंबई से वाराणसी की फ्लाइट में आरएसएस चीफ के साथ कई अन्य संघ से जुड़ लोग काशी आएंगे। शहर से एयरपोर्ट तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। वहीं उनके लिए फ्लीट सुबह से एयरपोर्ट के विशेष एरिया में तैयार है।
हालांकि इससे पहले बुधवार को एएसएल के बाद शहर से लेकर एयरपोर्ट तक डमी फ्लीट रिहर्सल कर सुरक्षा व्यवस्था को जांच परखा गया। एयरपोर्ट पर सीआईएफ डॉग स्क्वायड दस्ते के अलावा बल मौजूद रहेगा।
एयरपोर्ट पर सीआईएसएफ के सहायक सेनानायक, डीपी गोमती जोन प्रमोद कुमार, एसीपी पिंडरा प्रतीक कुमार, सीआईएसएफ के कार्यवाहक कमांडेंट राजूराम, इंस्पेक्टर प्रतीक कुमार, चौकी प्रभारी सत्यजीत सिंह समेत अन्य सुरक्षा एजेंसियां मौजूद हैं।
