राम रहीम की पैरोल पर प्रियंका चतुर्वेदी ने उठाए सवाल, महंगाई और महिला अधिकारों पर भी सरकार को घेरा
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने कई मुद्दों पर केंद्र और हरियाणा सरकार की आलोचना की है। उन्होंने बलात्कार के दोषी डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बार-बार मिल…
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने कई मुद्दों पर केंद्र और हरियाणा सरकार की आलोचना की है। उन्होंने बलात्कार के दोषी डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बार-बार मिल रही पैरोल को 'शर्मनाक' बताया और साथ ही बढ़ती महंगाई और महिला अधिकारों के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा। समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में उन्होंने कहा कि इस तरह लगातार पैरोल मिलना न्याय व्यवस्था का मज़ाक बनाने जैसा है।
राम रहीम की पैरोल पर सवाल
प्रियंका चतुर्वेदी ने गुरमीत राम रहीम को बार-बार पैरोल दिए जाने की कड़ी आलोचना करते हुए न्यायिक प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर चिंता जताई। उन्होंने कहा, "बाबा राम रहीम को लगातार पैरोल मिलना शर्मनाक है। हरियाणा सरकार इस मामले पर चुप्पी क्यों साधे हुए है? यह किस तरीके की सजा काट रहे हैं, जिसमें आधे से ज्यादा समय वह जेल से बाहर रहते हैं।" उन्होंने आगे कहा, "मैं कहती हूं कि अगर दोषियों से इतना प्रेम है तो उन्हें सरकार क्षमा दान देती है और जेल से निकाल दे। यह कोर्ट ऑर्डर और कानून-व्यवस्था का मजाक बन रहा है।"
महिला अधिकार और पितृसत्ता पर टिप्पणी
महिलाओं के अधिकारों पर राहुल गांधी की आलोचना को 'हिंदू विरोधी' बताए जाने पर चतुर्वेदी ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि पितृसत्ता एक सामाजिक सोच है जो सभी धर्मों और राजनीतिक दलों में मौजूद है। उन्होंने कहा, "इसमें हिंदू विरोध कहां से आ गया? हिंदू धर्म में देवी को ज्यादा पूजा जाता है। महिलाओं के सशक्तीकरण और उत्थान को हिंदू विरोधी बताने वाला खुद सनातन विरोधी होगा। यह पुरुष प्रधान देश महिलाओं को आगे नहीं बढ़ने देता।" उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि यह समस्या किसी एक पार्टी की नहीं, बल्कि लगभग सभी राजनीतिक दलों की है जो महिलाओं के उत्थान की बात तो करते हैं, पर ठोस कदम उठाने से पीछे हट जाते हैं।
बढ़ती महंगाई पर सरकार को घेरा
प्याज और चीनी की बढ़ती कीमतों को लेकर भी शिवसेना नेता ने सरकार पर तंज कसा। उन्होंने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के पुराने बयान का जिक्र करते हुए कहा, "वित्त मंत्री ने एक बार कहा था कि मैं प्याज नहीं खाती, तो कीमतों से मेरा क्या लेना-देना? पूरी सरकार इसी सोच के साथ काम कर रही है कि अगर चीनी या प्याज महंगे हो जाते हैं, तो इससे उन्हें क्या फर्क पड़ता है?" उन्होंने आगे कहा, "इसमें कोई हैरानी की बात नहीं होगी, अगर वित्त मंत्री कहें कि मुझे डायबिटीज है और मैं चीनी नहीं खाती, इसलिए मुझे नहीं पता कि चीनी की कीमत क्या है। दुख की बात यह है कि लोग परेशान हैं। उनकी आमदनी नहीं बढ़ रही, रोजगार के मौके नहीं बढ़ रहे और उनके जीवन स्तर में सुधार नहीं हो रहा है, लेकिन महंगाई लगातार बढ़ रही है।"
इनपुट: IANS



