चीन का बड़ा कदम: 'AI + मैन्युफैक्चरिंग' के जरिए औद्योगिक विकास को मिलेगी नई रफ्तार
चीन ने अपने औद्योगिक क्षेत्र को भविष्य की तकनीकों से लैस करने की एक बड़ी योजना का खुलासा किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, चीन का उद्योग और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय आर्टिफिशियल…
चीन ने अपने औद्योगिक क्षेत्र को भविष्य की तकनीकों से लैस करने की एक बड़ी योजना का खुलासा किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, चीन का उद्योग और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) को जोड़कर एक 'नए प्रकार के औद्योगीकरण' को बढ़ावा देगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य AI के व्यावहारिक अनुप्रयोगों को बढ़ाना और विनिर्माण को इसका केंद्रीय क्षेत्र बनाना है।
AI इकोसिस्टम के लिए ठोस पहल
इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए मंत्रालय ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। अब तक AI को बढ़ावा देने के लिए लगभग 30 कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं, जिनसे 5,000 से ज्यादा उद्यमों के बीच आपूर्ति और मांग का तालमेल बैठाने में मदद मिली है। इसके अलावा, बीजिंग और चीनान-छिंगताओ जैसे शहरों में 18 राष्ट्रीय कृत्रिम बुद्धिमत्ता नवाचार अनुप्रयोग अग्रणी क्षेत्र स्थापित करने में भी सरकार ने सहयोग दिया है।
बुनियादी ढांचा और निवेश
इस महत्वाकांक्षी योजना को धरातल पर उतारने के लिए एक मजबूत वित्तीय और तकनीकी आधार तैयार किया गया है। उद्योग जगत के साथ मिलकर AI से जुड़े करीब 200 प्रमुख तकनीकी मानक विकसित किए गए हैं। साथ ही, इस क्षेत्र में नवाचार और विकास को गति देने के लिए 60 अरब युआन का एक राष्ट्रीय कृत्रिम बुद्धिमत्ता उद्योग निवेश कोष भी स्थापित किया गया है।
विनिर्माण पर रहेगा मुख्य फोकस
उद्योग और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के उप मंत्री यू श्याओहुई ने इस योजना पर प्रकाश डालते हुए कहा कि विनिर्माण क्षेत्र ही AI के व्यावहारिक अनुप्रयोग का मुख्य आधार है। उन्होंने चीन की संपूर्ण औद्योगिक प्रणाली को देश के AI विकास के लिए एक महत्वपूर्ण लाभ बताया। उनके अनुसार, कच्चे माल, उपकरण निर्माण, उपभोक्ता वस्तुएं और इलेक्ट्रॉनिक सूचना जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा ताकि उच्च मूल्य वाले समाधान विकसित किए जा सकें।
इनपुट: IANS



