मुंबई-पुणे रेल रूट: घाट सेक्शन में 1100 कर्मचारी जुटे, एक और लाइन जल्द शुरू होने की उम्मीद
मुंबई और पुणे के बीच भारी बारिश से बाधित हुई रेल सेवाओं को फिर से सामान्य करने के लिए मध्य रेलवे ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, घाट सेक्शन में पटरियों की मरम्म
मुंबई और पुणे के बीच भारी बारिश से बाधित हुई रेल सेवाओं को फिर से सामान्य करने के लिए मध्य रेलवे ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, घाट सेक्शन में पटरियों की मरम्मत और मलबा हटाने के काम में 1100 से ज़्यादा कर्मचारी दिन-रात जुटे हुए हैं। गुरुवार को बारिश थमने से बहाली के काम में तेज़ी आई है, जिससे यात्रियों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद है।
मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) स्वप्निल नीला ने बताया कि गुरुवार रात तक एक और रेलवे लाइन को यातायात के लिए खोलने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि इसके तुरंत बाद तीसरी लाइन को भी चालू करने के लिए युद्धस्तर पर काम शुरू कर दिया जाएगा।
युद्धस्तर पर मरम्मत का काम
बहाली के इस बड़े अभियान में कर्मचारियों के साथ 10 से ज़्यादा जेसीबी, पोकलेन मशीनें, विशेष डीबीकेएम उपकरण और ब्लास्टिंग मशीनों जैसी भारी मशीनरी का इस्तेमाल किया जा रहा है। IANS से बातचीत में सीपीआरओ ने बताया कि इन संसाधनों की मदद से ट्रैक पर जमा मलबा हटाकर रेल मार्ग को सुरक्षित बनाने का काम तेज़ी से चल रहा है।
मुंबई लोकल पर कोई असर नहीं
हालांकि, इस व्यवधान का असर मुंबई की उपनगरीय यानी लोकल ट्रेन सेवाओं पर नहीं पड़ा है। स्वप्निल नीला ने स्पष्ट किया कि मुंबई के सभी चार प्रमुख रेल कॉरिडोर—मेन लाइन, हार्बर लाइन, ट्रांस-हार्बर लाइन और चौथा कॉरिडोर—पर ट्रेन सेवाएं पूरी तरह सामान्य रूप से चल रही हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि रेलवे प्रशासन स्थिति पर लगातार नज़र बनाए हुए है और मुंबई-पुणे मार्ग पर यातायात जल्द ही पूरी तरह बहाल हो जाएगा।
इनपुट: IANS



