शिक्षक सम्मेलन में बोले CM योगी: सपा-कांग्रेस ने शिक्षा को बर्बाद किया, नौकरियां 'सैफई सिंडिकेट' तक सीमित थीं
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस पर शिक्षा विरोधी होने का गंभीर आरोप लगाया है। मीरजापुर में एक शिक्षक सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इन्हीं…
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस पर शिक्षा विरोधी होने का गंभीर आरोप लगाया है। मीरजापुर में एक शिक्षक सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इन्हीं दलों के शासनकाल में प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था की दुर्दशा हुई, जिससे न केवल शिक्षकों का सम्मान प्रभावित हुआ बल्कि युवाओं को पलायन के लिए भी मजबूर होना पड़ा। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, मुख्यमंत्री ने दावा किया कि उनकी सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में सुधार, युवाओं को नौकरी और शिक्षकों को सम्मान दिलाया है।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि सपा के शासनकाल में न तो नए विश्वविद्यालय खोले गए और न ही महाविद्यालयों को मान्यता दी गई, जिससे प्रदेश में अराजकता का माहौल था। उन्होंने आरोप लगाया कि तब नौकरियां एक ही परिवार के 'सैफई सिंडिकेट' के नियंत्रण में थीं और योग्य युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किया जाता था। उन्होंने अनिल यादव का उदाहरण दिया, जिन्हें कथित तौर पर योग्यता न होने के बावजूद सैफई परिवार का रिश्तेदार होने के कारण एक आयोग का अध्यक्ष बनाया गया था, और बाद में हाईकोर्ट ने उन्हें पद से हटाया।
विकास और आस्था पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मीरजापुर मंडल में अब दो मेडिकल कॉलेज और दो विश्वविद्यालय सफलतापूर्वक चल रहे हैं, जबकि सपा के चार बार के शासन में यहां एक भी नहीं था। उन्होंने विंध्यवासिनी धाम में बने भव्य कॉरिडोर का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 से पहले इस धनराशि का दुरुपयोग माफिया को पालने में होता था, लेकिन अब विकास कार्यों में इसका सदुपयोग हो रहा है। उन्होंने कहा, "आस्था भी आर्थिकी का कारण बन सकती है", जिसका उदाहरण प्रयागराज का महाकुंभ, काशी विश्वनाथ धाम और अयोध्या हैं।
परिवारवाद और राज्यसभा चुनाव पर निशाना
सपा और कांग्रेस पर परिवारवाद का आरोप लगाते हुए सीएम योगी ने कहा कि कांग्रेस नेहरू परिवार और सपा सैफई परिवार तक ही सीमित रही। उन्होंने हाल के राज्यसभा चुनावों का हवाला देते हुए कहा कि पीडीए की बात करने वाली सपा ने अपने परिवार के सदस्य और मुंबई के एक 'धन्ना सेठ' को उम्मीदवार बनाया, जबकि भाजपा ने सामान्य कार्यकर्ताओं को मौका दिया। उन्होंने कहा कि इसी का परिणाम था कि सपा के 'पीडीए की हवा निकल गई' और एनडीए के सभी आठ उम्मीदवार विजयी हुए।
युवाओं और शिक्षकों के लिए योजनाएं
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में साढ़े नौ लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है और सुरक्षा का बेहतर माहौल बनने से 65 लाख अन्य नौकरियां सृजित हुई हैं। उन्होंने युवाओं के लिए टैबलेट योजना, मुख्यमंत्री अभ्युदय कोचिंग और शिक्षकों के लिए 5 लाख रुपये के स्वास्थ्य बीमा कवर जैसी योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं की प्रतिभा पर विश्वास करती है और उन्हें आगे बढ़ने के हर संभव अवसर प्रदान कर रही है।
इनपुट: IANS



