लॉर्ड्स में भारत की ऐतिहासिक टेस्ट जीत, क्रांति गौड़ ने ऑनर्स बोर्ड पर नाम लिखा और 'प्लेयर ऑफ़ द मैच' बनीं
क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स के मैदान पर भारतीय महिला टीम ने इतिहास रच दिया है। इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए पहले महिला टेस्ट मैच में भारत ने 270 रनों से शानदार जीत दर्ज की। इस ऐतिहासिक मुकाबले
क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स के मैदान पर भारतीय महिला टीम ने इतिहास रच दिया है। इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए पहले महिला टेस्ट मैच में भारत ने 270 रनों से शानदार जीत दर्ज की। इस ऐतिहासिक मुकाबले की नायिका रहीं 22 वर्षीय तेज गेंदबाज क्रांति गौड़, जिन्होंने न सिर्फ अपनी गेंदबाजी से इंग्लैंड की कमर तोड़ दी, बल्कि लॉर्ड्स के प्रतिष्ठित 'ऑनर्स बोर्ड' पर अपना नाम दर्ज कराने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनने का गौरव भी हासिल किया।
समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, क्रांति गौड़ को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए 'प्लेयर ऑफ द मैच' भी चुना गया। उन्होंने मैच में कुल 7 विकेट झटके। भारत ने अपनी पहली पारी में 285 रन बनाए थे, जिसके जवाब में इंग्लैंड की टीम केवल 170 रनों पर सिमट गई। इस पारी में क्रांति ने 37 रन देकर 5 विकेट लिए और भारत को 115 रनों की अहम बढ़त दिलाई।
मैच का पूरा हाल
पहली पारी में मिली बढ़त के बाद भारतीय टीम ने अपनी दूसरी पारी 7 विकेट पर 341 रन बनाकर घोषित कर दी। इसके साथ ही इंग्लैंड के सामने जीत के लिए 457 रनों का विशाल लक्ष्य रखा गया। इस बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए मेजबान टीम एक बार फिर लड़खड़ा गई और दूसरी पारी में सिर्फ 186 रनों पर ऑलआउट हो गई, जिससे भारत ने यह ऐतिहासिक मैच अपने नाम कर लिया।
'मैंने खुद से कहा था, ऑनर्स बोर्ड पर नाम दर्ज कराना है'
मैच के बाद जब क्रांति से पूछा गया कि क्या उन्होंने कभी लॉर्ड्स में 'प्लेयर ऑफ द मैच' जीतने का सपना देखा था, तो उन्होंने कहा, "मैंने बड़े होते हुए कभी नहीं सोचा था कि ऐसा कुछ होगा, लेकिन जिस दिन से यह टेस्ट मैच शुरू हुआ, मैंने खुद से कहा कि मुझे 'ऑनर्स बोर्ड' पर अपना नाम दर्ज कराना है।" अपनी गेंदबाजी की रणनीति पर उन्होंने बताया, "मेरा तरीका बहुत आसान है। मैं बस अपनी लाइन और लेंथ पर ध्यान देती हूं। कोच ने मुझे जो भी बताया है, मैं लगातार उसी लाइन और लेंथ पर बॉलिंग करके उसे फॉलो करने की कोशिश करती हूं।"
इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर गर्व जताते हुए क्रांति ने कहा, "मुझे बहुत गर्व महसूस हो रहा है। मेरे परिवार को भी इस उपलब्धि पर फख्र है। मैं सभी को धन्यवाद देना चाहती हूं।" यादगार के तौर पर क्रांति ने मैच का एक स्टंप भी अपने पास रख लिया, जिसे वह घर पर बनाए अपने छोटे से म्यूजियम में सजाएंगी।
इनपुट: IANS



