महाराष्ट्र का मेट्रो मिशन: 2030 तक 300 किमी से ज़्यादा नए रूट जोड़ने की तैयारी, फडणवीस सरकार ने दिए निर्देश
महाराष्ट्र में सार्वजनिक परिवहन को अत्याधुनिक और तेज बनाने के लिए सरकार मेट्रो नेटवर्क के विस्तार पर तेजी से काम कर रही है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अधिकारियों को…
महाराष्ट्र में सार्वजनिक परिवहन को अत्याधुनिक और तेज बनाने के लिए सरकार मेट्रो नेटवर्क के विस्तार पर तेजी से काम कर रही है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि एक बार शुरू होने के बाद किसी भी मेट्रो परियोजना को तीन साल के भीतर पूरा करने की योजना बनाई जाए। राज्य सरकार का लक्ष्य 2030 तक मुंबई, पुणे और नागपुर में 302 किलोमीटर लंबा नया नेटवर्क और 161 स्टेशन तैयार करना है।
मंगलवार को मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की आधारभूत संरचना समिति की बैठक में इस महत्वाकांक्षी योजना पर चर्चा हुई। बैठक में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और सुनेत्रा पवार के साथ-साथ कई वरिष्ठ मंत्री और अधिकारी भी मौजूद थे। फडणवीस ने कहा कि इन परियोजनाओं से मुंबई, पुणे, नागपुर और मुंबई महानगर क्षेत्र (एमएमआर) में सुरक्षित, आधुनिक और तेज सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा मिलेगा।
राज्य में मेट्रो नेटवर्क का मौजूदा स्वरूप
प्रस्तुतीकरण में बताया गया कि महाराष्ट्र में वर्तमान में 174 किलोमीटर लंबा मेट्रो नेटवर्क चालू है, जबकि 291 किलोमीटर के मार्गों पर निर्माण कार्य चल रहा है। इसके अलावा, 130 किलोमीटर के रूट स्वीकृति प्रक्रिया में हैं और 87.15 किलोमीटर के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जा रही है। कुल मिलाकर, राज्य में प्रस्तावित और परिचालित मेट्रो नेटवर्क की लंबाई 683.53 किलोमीटर तक पहुंच जाएगी।
परियोजना की लागत और फंडिंग
पूरे महाराष्ट्र में चल रही मेट्रो परियोजनाओं की कुल लागत लगभग 2.80 लाख करोड़ रुपए है। इसमें केंद्र सरकार 27,216 करोड़ रुपए और राज्य सरकार 50,250 करोड़ रुपए का योगदान दे रही है। एक बड़ी राशि (75,729.62 करोड़ रुपए) एमएमआरडीए, स्थानीय निकायों और अन्य नियोजन प्राधिकरणों के माध्यम से जुटाई जाएगी, जबकि शेष राशि सरकारी गारंटी पर लिए गए ऋण से पूरी की जाएगी।
प्रमुख क्षेत्रों पर फोकस
योजना के तहत मुंबई महानगर क्षेत्र (एमएमआर) में 428.89 किलोमीटर, पुणे महानगर क्षेत्र में 169.45 किलोमीटर और नागपुर महानगर क्षेत्र में 85.20 किलोमीटर का मेट्रो नेटवर्क विकसित किया जा रहा है। बैठक में मीरा गांव से गायमुख तक प्रस्तावित 9.68 किलोमीटर लंबी मेट्रो-10 परियोजना की भी समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने 8,500 करोड़ रुपए की लागत वाली इस परियोजना को भी तीन साल में पूरा करने का निर्देश दिया।
इनपुट: IANS



