मध्य प्रदेश: नर्सिंग काउंसिल का पोर्टल एक महीने से बंद, हजारों छात्रों का भविष्य अधर में
मध्य प्रदेश में नर्सिंग की पढ़ाई पूरी कर चुके हजारों छात्र-छात्राएं नौकरी और उच्च शिक्षा के अवसरों को लेकर चिंतित हैं, क्योंकि राज्य की नर्सिंग काउंसिल का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पोर्टल पिछले करीब एक…
मध्य प्रदेश में नर्सिंग की पढ़ाई पूरी कर चुके हजारों छात्र-छात्राएं नौकरी और उच्च शिक्षा के अवसरों को लेकर चिंतित हैं, क्योंकि राज्य की नर्सिंग काउंसिल का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पोर्टल पिछले करीब एक महीने से बंद पड़ा है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, इस वजह से उनकी पंजीकरण प्रक्रिया रुकी हुई है, जो विभिन्न व्यावसायिक जरूरतों के लिए अनिवार्य है।
यह स्थिति तब पैदा हुई जब कथित तौर पर पोर्टल से एक गधे के नाम पर फर्जी रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट जारी होने का मामला सामने आया। इस घटना के बाद काउंसिल ने पोर्टल को बंद कर दिया, लेकिन एक महीने से ज्यादा समय बीत जाने पर भी इसे दोबारा शुरू नहीं किया जा सका है। इस देरी ने काउंसिल की तकनीकी प्रबंधन और सत्यापन प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
छात्रों की बढ़ी मुश्किलें, NSUI ने उठाए सवाल
मध्यप्रदेश NSUI के प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार ने आरोप लगाया है कि पोर्टल बंद होने से हजारों अभ्यर्थियों के आवेदन और दस्तावेज लंबित पड़े हैं। कई लोगों को डर है कि वे नौकरी के अवसर खो सकते हैं। उन्होंने कहा कि काउंसिल की ओर से न तो पोर्टल शुरू करने की कोई स्पष्ट समय-सीमा दी जा रही है और न ही कोई वैकल्पिक व्यवस्था की गई है।
इसी संगठन के जिलाध्यक्ष अक्षय तोमर का कहना है कि फर्जीवाड़े की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई होनी चाहिए थी, न कि पोर्टल बंद करके योग्य अभ्यर्थियों के लिए परेशानी खड़ी करनी चाहिए थी। उनके मुताबिक, पोर्टल की सुरक्षा मजबूत करने की बजाय उसे लंबे समय तक बंद रखना समस्या का समाधान नहीं है।
15 नवंबर तक पोर्टल शुरू होने की उम्मीद
मामले पर सफाई देते हुए काउंसिल की संचालक डॉ. बीनू कुशवाह ने IANS को बताया कि पंजीकरण में गड़बड़ियों के सामने आने के बाद पूरी सतर्कता बरती जा रही है। उन्होंने कहा, "जिनके रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं, उनका दोबारा वेरिफिकेशन किया जा रहा है, ताकि फर्जी रजिस्ट्रेशन पकड़े जा सकें।" डॉ. कुशवाह ने यह भी बताया कि ऑनलाइन प्रक्रिया को बेहतर बनाने का काम चल रहा है और पोर्टल 15 नवंबर तक फिर से शुरू हो जाएगा। उन्होंने दलालों से अभ्यर्थियों को बचाने के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पर जोर देने की बात भी कही।
इनपुट: IANS



