ग्वालियर: शीतला माता मंदिर के पास बेकाबू ट्रक ने दुकानों को रौंदा, 12 लोगों की मौत, दो पुलिसकर्मी भी घायल
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में शुक्रवार को एक भीषण सड़क हादसे ने त्योहार के माहौल को मातम में बदल दिया। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, धान की बोरियों से लदा एक ट्रक अनियंत्रित होकर ऐतिहासिक…
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में शुक्रवार को एक भीषण सड़क हादसे ने त्योहार के माहौल को मातम में बदल दिया। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, धान की बोरियों से लदा एक ट्रक अनियंत्रित होकर ऐतिहासिक शीतला माता मंदिर के पास कई दुकानों में जा घुसा, जिसमें कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना में दो पुलिसकर्मियों और कुछ बच्चों सहित 27 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से पांच की हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है।
यह हादसा जिला मुख्यालय से करीब 18 किलोमीटर दूर तब हुआ, जब ट्रक घाटी से नीचे उतर रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि चीनोर की तरफ से आ रहा यह ट्रक अचानक बेकाबू हो गया और मंदिर के मुख्य द्वार के पास बनी दुकानों को रौंदता हुआ चला गया। इस टक्कर से कई दुकानें और दोपहिया वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई और लोग घबराहट में अपने परिजनों को ढूंढने लगे।
प्रशासन पर लापरवाही का आरोप और जांच के आदेश
स्थानीय लोगों ने इस घटना के लिए ग्वालियर प्रशासन की घोर लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। एक स्थानीय निवासी ने बताया कि नवरात्रि के दौरान मंदिर में लाखों श्रद्धालु आते हैं, और उस समय इस रास्ते पर भारी वाहनों की आवाजाही बंद कर दी जाती है। उन्होंने सवाल उठाया कि इस ट्रक को इस रास्ते पर आने की अनुमति किसने दी। अधिकारियों ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है कि आखिर ट्रक को एंट्री कैसे मिली और इस चूक के लिए कौन जिम्मेदार है।
प्रत्यक्षदर्शियों का दर्द और मुआवजे की मांग
हादसे के एक चश्मदीद दुकानदार बबलू प्रजापति ने बताया कि उनकी दुकान पर पिता समेत चार लोग मौजूद थे, जो सभी घायल हो गए और अस्पताल में भर्ती हैं। उन्होंने कहा कि ट्रक बहुत तेज गति से नीचे आया था। एक अन्य स्थानीय निवासी ने IANS से बात करते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव से ग्वालियर आने की मांग की। उन्होंने मृतकों के परिवारों के लिए मुआवजे और घायलों के मुफ्त इलाज की मांग करते हुए कहा कि अगर न्याय नहीं मिला तो वह आमरण अनशन करेंगे। फिलहाल, पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं और घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया है, जबकि मृतकों के शवों को जयारोग्य अस्पताल में रखा गया है।
इनपुट: IANS



