बांग्लादेश में हिंदुओं पर हमले: दो अलग-अलग घटनाओं में एक स्वर्णकार और एक महिला की हत्या
बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदाय की सुरक्षा को लेकर चिंता एक बार फिर गहरा गई है। हाल ही में दो अलग-अलग घटनाओं में दो हिंदुओं की हत्या कर दी गई, जिनमें एक स्वर्णकार और एक महिला शामिल हैं। समाचार…
बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदाय की सुरक्षा को लेकर चिंता एक बार फिर गहरा गई है। हाल ही में दो अलग-अलग घटनाओं में दो हिंदुओं की हत्या कर दी गई, जिनमें एक स्वर्णकार और एक महिला शामिल हैं। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, ये वारदातें ऐसे समय में हुई हैं जब देश में अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा के मामले लगातार बढ़ रहे हैं।
कुछ ही दिन पहले रंगपुर शहर में एक सेवानिवृत्त हिंदू शिक्षक गणपति चक्रवर्ती और उनके परिवार के तीन सदस्यों की क्रूर हत्या का मामला सामने आया था। रिपोर्टों में कहा गया है कि पूर्व यूनुस-नीत अंतरिम सरकार के समय से लेकर मौजूदा बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) सरकार के कार्यकाल तक, अल्पसंख्यकों, विशेषकर हिंदू समुदाय, पर हमलों की घटनाएं जारी हैं।
स्वर्णकार की लूट के बाद हत्या
पहली घटना नौगांव जिले के महादेबपुर उपजिला में सोमवार रात को हुई, जहाँ 45 वर्षीय हिंदू स्वर्णकार अलीफ चंद्र दत्ता की हत्या कर दी गई। स्थानीय मीडिया के अनुसार, दत्ता रात लगभग 8:30 बजे महादेबपुर बाजार स्थित अपनी दुकान बंद करके घर लौट रहे थे। जब वे रात 9 बजे के करीब दुलालपाड़ा में अपने घर के पास पहुँचे, तो अज्ञात हमलावरों ने उन्हें रोककर धारदार हथियार से हमला कर दिया।
हमलावर उनके पास से 60 ग्राम सोना और सात लाख बांग्लादेशी रुपये लूटकर फरार हो गए। 'डेली सन' अखबार ने बताया कि परिजनों और स्थानीय लोगों ने उन्हें राजशाही मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुँचाया, जहाँ इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। महादेबपुर पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी उमर फारुक ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा, "अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह सिर्फ लूटपाट का मामला था या फिर इसके पीछे कोई अन्य दुश्मनी या मकसद भी था।" उन्होंने बताया कि कानूनी कार्रवाई जारी है।
घर में घुसकर महिला पर चाकुओं से हमला
एक अन्य घटना में, होआनोक यूनियन इलाके में 45 वर्षीय हिंदू महिला रानी सुशील की उनके घर में ही चाकू मारकर हत्या कर दी गई। यह वारदात सोमवार शाम करीब 7:30 बजे हुई। पुलिस और स्थानीय लोगों ने बताया कि रानी उस वक्त अपने घर में खाना बना रही थीं, जब एक अज्ञात व्यक्ति चोरी के इरादे से अंदर घुसने की कोशिश कर रहा था।
'प्रोथोम आलो' अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक, घुसपैठिए को देखकर रानी ने शोर मचाया, जिसके बाद हमलावर ने उनका मुँह दबाया और कई बार चाकू से वार करके भाग गया। स्थानीय लोग उन्हें चकरिया उपजिला स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहाँ कुछ घंटों बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। महेशखाली पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी अब्दुस सुल्तान ने 'प्रोथोम आलो' को बताया, "प्रारंभिक जानकारी के अनुसार... उसे देखकर गृहिणी ने शोर मचाया। इसके बाद उस व्यक्ति ने उन पर चाकू से हमला किया और फरार हो गया। आरोपित की पहचान कर उसे गिरफ्तार करने की कोशिश की जा रही है।"
इनपुट: IANS



