ईरान के नेतृत्व पर ट्रंप का सवाल, कहा- 'विफल राष्ट्र' की सैन्य ताकत पहले जैसी नहीं रही
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर अपने अब तक के सबसे तीखे बयानों में से एक में उसे एक 'विफल राष्ट्र' बताया है, जिसका सैन्य बल काफी हद तक तबाह हो चुका है और जिसके पास कोई स्पष्ट नेतृत्व नहीं…
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर अपने अब तक के सबसे तीखे बयानों में से एक में उसे एक 'विफल राष्ट्र' बताया है, जिसका सैन्य बल काफी हद तक तबाह हो चुका है और जिसके पास कोई स्पष्ट नेतृत्व नहीं है। व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी कार्रवाइयों के बाद ईरान गंभीर आर्थिक और सैन्य दबाव से जूझ रहा है।
समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, जब ट्रंप से ईरान में मौजूदा नेतृत्व के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, "उन्हें खुद भी शायद नहीं पता। मेरी राय में, उन्हें नहीं पता कि उनका नेता कौन है।" उन्होंने आगे कहा कि ईरान की सेना अब पहले जैसी नहीं रही है। हालांकि, ट्रंप ने न तो किसी खास व्यक्ति या समूह का नाम लिया, जिसे अमेरिका ईरान का नेतृत्वकर्ता मानता है, और न ही अपने दावों के समर्थन में कोई सबूत पेश किया।
ईरान की आर्थिक और सैन्य स्थिति पर दावा
राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान की खस्ताहाल अर्थव्यवस्था और कमजोर हो चुकी सैन्य क्षमता का विस्तृत ब्योरा दिया। उन्होंने कहा, "वहां 350 प्रतिशत महंगाई है, उनकी मुद्रा की हालत खराब है, सैनिकों को वेतन नहीं मिल रहा है, उनके कई नेता मारे जा चुके हैं, उनकी नौसेना लगभग खत्म हो चुकी है, वायुसेना भी नहीं के बराबर है और उनकी निगरानी व्यवस्था का अधिकांश हिस्सा भी नष्ट हो चुका है।"
परमाणु हथियार और भविष्य की रणनीति
भविष्य में अमेरिकी हमलों की प्रकृति पर सीधे जवाब देने से बचते हुए ट्रंप ने स्पष्ट किया कि ईरान को जवाब दिया जाएगा। उन्होंने कहा, "इसका यह मतलब नहीं है कि हम उन्हें जवाब नहीं देंगे। आगे क्या होगा, यह देखेंगे।" उन्होंने अमेरिका के अभियान का मुख्य उद्देश्य दोहराते हुए कहा कि ईरान को किसी भी कीमत पर परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दिया जाएगा। ट्रंप के शब्दों में, "ईरान कभी परमाणु हथियार नहीं पाएगा। असली मुद्दा यही है। बात किसी और चीज की नहीं है।"
होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिकी नियंत्रण
ट्रंप ने यह भी दावा किया कि अमेरिका ने सामरिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य में स्थिति को नियंत्रण में रखा हुआ है। उन्होंने कहा, "होर्मुज स्ट्रेट में स्थिति हमारे नियंत्रण में है। हम वहां हालात को संभाल रहे हैं।" उन्होंने बताया कि अमेरिकी नौसेना की मदद से हर रात औसतन लगभग 30 व्यापारिक जहाज सुरक्षित रूप से गुजर रहे हैं, जिससे तेल की कीमतें स्थिर बनी हुई हैं।
इनपुट: IANS



