केरल विस्फोटक ज़ब्ती मामला: NIA ने मुख्य साज़िशकर्ता को गिरफ़्तार किया, अब तक 10 लोग हिरासत में
केरल के मलप्पुरम में भारी मात्रा में अवैध विस्फोटक बरामद होने के मामले में राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (NIA) ने एक और बड़ी गिरफ़्तारी की है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, एजेंसी ने मामले के…
केरल के मलप्पुरम में भारी मात्रा में अवैध विस्फोटक बरामद होने के मामले में राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (NIA) ने एक और बड़ी गिरफ़्तारी की है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, एजेंसी ने मामले के मुख्य साज़िशकर्ता माने जा रहे हैरिस टीए को शनिवार को मलप्पुरम ज़िले के मंजेरी से पकड़ा। इस गिरफ्तारी के साथ ही मामले में हिरासत में लिए गए कुल लोगों की संख्या दस हो गई है।
यह मामला इसी साल 7 फरवरी का है, जब केरल पुलिस ने मलप्पुरम में चेम्माड-थलाप्पारा रोड पर स्थित 'फरहा होलो ब्रिक्स कंपनी' के परिसर में एक ट्रक से विस्फोटक ज़ब्त किए थे। उस समय ट्रक से 89,600 विस्फोटक स्टिक (जेलटिन की छड़ें) और 10,500 शॉक ट्यूब बरामद हुई थीं। ट्रक में मौजूद तीन लोगों को भी गिरफ़्तार किया गया था, जिनके पास इन विस्फोटकों को रखने या ले जाने का कोई वैध लाइसेंस नहीं था।
मामले की जांच और अन्य गिरफ्तारियाँ
बाद में इस केस की जांच NIA ने अपने हाथ में ले ली थी। एजेंसी ने तीन राज्यों में 19 अलग-अलग जगहों पर तलाशी ली, जिससे कई आपत्तिजनक सामग्रियाँ मिलीं और साज़िश में शामिल अन्य लोगों की पहचान हुई। हैरिस की गिरफ्तारी से ठीक एक दिन पहले, 7 अगस्त को, NIA ने कर्नाटक के विजयपुरा से तीन और आरोपियों को पकड़ा था।
कर्नाटक में पकड़े गए लोगों की पहचान विजयपुरा ज़िले के ही रहने वाले मंतागौड बिरदार, बापागौड भीरमाया चौधरी और प्रकाश गौडा बिरदार के रूप में हुई। NIA की जांच में सामने आया है कि ये आरोपी विस्फोटक के लाइसेंसी डीलर और उपयोगकर्ता होने के बावजूद, कानूनी नियमों का उल्लंघन कर इन विस्फोटकों को अवैध रूप से बेच रहे थे। एजेंसी इस बड़ी साज़िश और विस्फोटकों की अवैध खरीद-फरोख्त के नेटवर्क की आगे जांच कर रही है।
इनपुट: IANS



