असम में ग्रामीण सड़कों का कायाकल्प: सरकार ने 10,000 करोड़ की 'असम माला 4.0' योजना शुरू की
असम में ग्रामीण संपर्क को बढ़ावा देने और राज्य की आर्थिक प्रगति को दूर-दराज के इलाकों तक पहुंचाने के लिए एक बड़ी पहल की गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने बुधवार…
असम में ग्रामीण संपर्क को बढ़ावा देने और राज्य की आर्थिक प्रगति को दूर-दराज के इलाकों तक पहुंचाने के लिए एक बड़ी पहल की गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने बुधवार को 'असम माला 4.0' नाम की महत्वाकांक्षी योजना का ऐलान किया है, जिसके तहत 10,000 करोड़ रुपये की लागत से सड़कों का निर्माण और सुधार किया जाएगा।
इस योजना का लक्ष्य पहले से चल रहे 'असम माला' कार्यक्रम को और विस्तार देना है, जो राज्य के प्रमुख बुनियादी ढांचा विकास कार्यक्रमों में से एक है। सरकार का मानना है कि निवेश आकर्षित करने, व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बेहतर कनेक्टिविटी एक बुनियादी शर्त है।
ग्रामीण असम के विकास पर ध्यान
इस योजना के तहत लगभग 800 किलोमीटर लंबी सड़कें बनाई जाएंगी। इसका मुख्य उद्देश्य उन ग्रामीण और कम जुड़े हुए क्षेत्रों में संपर्क बेहतर करना है, जहां अब तक पहुंच सीमित थी। सरकार का लक्ष्य लास्ट-माइल कनेक्टिविटी सुनिश्चित करना है, ताकि विकास का सीधा लाभ ग्रामीण असम तक पहुंच सके।
मुख्यमंत्री सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर इस पहल की जानकारी साझा की। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, "हम असम के हर कोने तक कनेक्टिविटी पहुंचा रहे हैं। राज्य की लंबाई-चौड़ाई में व्यापक सड़क नेटवर्क बनाने के बाद, अब हम असम माला 4.0 के साथ इस बदलाव को और तेज करने जा रहे हैं। यह 10,000 करोड़ की पहल ग्रामीण असम को राज्य की विकास गाथा से और करीब जोड़ेगी।"
बेहतर सड़कों से आर्थिक प्रगति की उम्मीद
यह घोषणा असम सरकार की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसमें बुनियादी ढांचे के विकास को आर्थिक बदलाव का एक महत्वपूर्ण स्तंभ माना गया है। बेहतर सड़कें बनने से न केवल लोगों और सामान की आवाजाही आसान होगी, बल्कि बाजारों और आवश्यक सेवाओं तक पहुंच भी बढ़ेगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है। इस योजना को राज्य की तरक्की के अगले चरण का एक महत्वपूर्ण आधार माना जा रहा है।
इनपुट: IANS



