दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण के लिए हाई-टेक निगरानी, नए एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन भी शुरू
दिल्ली में सर्दियों की दस्तक के साथ बढ़ने वाले वायु प्रदूषण की चुनौती से निपटने के लिए सरकार ने अपनी तैयारियों को तेज कर दिया है। इसी क्रम में, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति के इंटीग्रेटेड कमांड एंड…
दिल्ली में सर्दियों की दस्तक के साथ बढ़ने वाले वायु प्रदूषण की चुनौती से निपटने के लिए सरकार ने अपनी तैयारियों को तेज कर दिया है। इसी क्रम में, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति के इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) का एक उच्च-स्तरीय दल ने निरीक्षण किया, जिसका उद्देश्य प्रदूषण की रियल-टाइम मॉनिटरिंग और नियंत्रण व्यवस्था को और मजबूत करना है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस दल में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव, केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा और दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा शामिल थे।
निरीक्षण के दौरान, अधिकारियों ने मंत्रियों को प्रदूषण की निगरानी, वास्तविक समय की ट्रैकिंग और वायु गुणवत्ता प्रबंधन से जुड़ी व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस पहल को प्रदूषण नियंत्रण की दिशा में एक अहम उपलब्धि बताते हुए कहा कि केंद्र सरकार के मार्गदर्शन में दिल्ली अब रियल-टाइम मॉनिटरिंग की तरफ बढ़ रही है। उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव के सहयोग से दिल्ली सरकार प्रदूषण के खिलाफ लगातार काम कर रही है।"
प्रदूषण के खिलाफ एकीकृत प्रयास
केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने इस अवसर पर बताया कि इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर का प्रस्ताव दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) की एक बैठक में रखा था। उन्होंने निर्धारित समय-सीमा से पहले इसे शुरू करने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को बधाई दी। यादव के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण से निपटने के लिए सबसे पहले वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) की सटीक जानकारी ज़रूरी है, जिसके लिए अधिकारियों को हर पांच किलोमीटर पर मॉनिटरिंग उपकरण लगाने के निर्देश दिए गए थे।
इस मौके पर मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने संयुक्त रूप से 13 नए कंटीन्यूअस एंबिएंट एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशनों का उद्घाटन किया और पांच सार्वजनिक इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) चार्जिंग स्टेशनों की भी शुरुआत की।
पिछली सरकारों पर निशाना
केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि पिछली सरकारें प्रदूषण के मुद्दे पर ठोस कदम उठाने के बजाय केवल पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश पर आरोप लगाती थीं। उन्होंने दिल्ली की जनता को धन्यवाद देते हुए कहा कि उन्होंने एक ऐसी सरकार चुनी है, जो पहले दिन से राजधानी के विकास के लिए काम कर रही है। उनके मुताबिक, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में सरकार ने जलभराव और प्रदूषण जैसी समस्याओं पर ठोस काम शुरू किया है।
विपक्ष और मतदाता सूची
बातचीत के दौरान, केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि यह कोई नई प्रक्रिया नहीं है और इसे निर्वाचन आयोग के दिशानिर्देशों के तहत ही संचालित किया जाता है। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि लोकसभा चुनाव हारने के बाद विपक्षी नेता सूची से गलत नाम हटाने की मांग कर रहे थे, लेकिन अब जब सुधार हो रहा है तो वे प्रक्रिया पर ही सवाल उठा रहे हैं।
इनपुट: IANS



