बिहार विधान परिषद: 8 सीटों के लिए वोटों की गिनती जारी, 150 उम्मीदवारों की किस्मत दांव पर
बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल आठ सीटों के लिए वोटों की गिनती मंगलवार, 27 अक्टूबर की सुबह 8 बजे से शुरू हो गई है। इन सीटों पर 150 उम्मीदवारों की राजनीतिक…
बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल आठ सीटों के लिए वोटों की गिनती मंगलवार, 27 अक्टूबर की सुबह 8 बजे से शुरू हो गई है। इन सीटों पर 150 उम्मीदवारों की राजनीतिक किस्मत का फैसला आज शाम तक होने की उम्मीद है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, सभी संबंधित प्रमंडलीय मुख्यालयों में बनाए गए मतगणना केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के बीच मतों की गिनती जारी है।
23 अक्टूबर को हुए मतदान के बाद अब सभी की निगाहें चुनाव परिणामों पर टिकी हैं। इन आठ सीटों में से पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का मुकाबला सबसे दिलचस्प माना जा रहा है। यहां के नतीजों को मोकामा के विधायक अनंत सिंह की राजनीतिक प्रतिष्ठा से जोड़कर देखा जा रहा है, क्योंकि उन्होंने जन सुराज समर्थित एक प्रत्याशी का समर्थन किया था।
मतगणना प्रक्रिया और प्रमुख दल
चुनाव आयोग के मुताबिक, मतगणना की निगरानी के लिए प्रेक्षकों और कर्मियों की तैनाती की गई है। मतगणना में सबसे पहले प्रथम वरीयता के मतों की गिनती की जा रही है। यदि इससे विजेता का फैसला नहीं होता, तो द्वितीय वरीयता के मतों की गिनती की जाएगी और यह प्रक्रिया तब तक चलेगी जब तक कोई उम्मीदवार जीत के लिए जरूरी कोटा हासिल नहीं कर लेता। स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की तुलना में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के परिणाम पहले आने की संभावना है, क्योंकि वहां मतदाताओं की संख्या कम थी।
इन चुनावों में राज्य के प्रमुख राजनीतिक दलों ने भी अपनी पूरी ताकत झोंकी थी। भाजपा और जदयू ने चार-चार सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे, जबकि राजद ने छह और कांग्रेस ने पांच सीटों पर चुनाव लड़ा था। वहीं, जन सुराज ने सभी आठ सीटों पर अपने प्रत्याशी खड़े किए थे।
किस सीट पर कितने उम्मीदवार?
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी सीटों के लिए कुल 90 प्रत्याशी मैदान में थे। इनमें दरभंगा स्नातक क्षेत्र में सबसे ज्यादा 40 उम्मीदवार थे। वहीं, चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से 60 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं, जिनमें पटना शिक्षक और सारण शिक्षक क्षेत्रों में 18-18 उम्मीदवार शामिल हैं। इन नतीजों से न केवल उम्मीदवारों का भविष्य तय होगा, बल्कि विभिन्न दलों के जनाधार का भी आकलन हो सकेगा।
इनपुट: IANS



