बिहार: राजधानी एक्सप्रेस से होती थी हेरोइन की तस्करी, वैशाली में 55 लाख की खेप के साथ तस्कर गिरफ्तार
बिहार के वैशाली जिले में पुलिस ने एक बड़े ड्रग्स तस्करी नेटवर्क का खुलासा करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से लगभग 55 लाख रुपये मूल्य की हेरोइन बरामद हुई है। समाचार एजेंसी IANS की…
बिहार के वैशाली जिले में पुलिस ने एक बड़े ड्रग्स तस्करी नेटवर्क का खुलासा करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से लगभग 55 लाख रुपये मूल्य की हेरोइन बरामद हुई है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, यह तस्कर शक से बचने के लिए राजधानी एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों का इस्तेमाल कर असम से नशे की खेप बिहार लाता था।
यह कार्रवाई पुलिस द्वारा चलाए जा रहे 'ऑपरेशन नीलकंठ' के तहत की गई, जिसका उद्देश्य जिले में मादक पदार्थों की तस्करी पर लगाम लगाना है। बुधवार को एसटीएफ, हाजीपुर ने स्थानीय नगर थाना पुलिस को सूचना दी कि एक तस्कर ट्रेन के रास्ते हेरोइन की बड़ी खेप लेकर हाजीपुर पहुंचने वाला है।
छापेमारी और गिरफ्तारी
सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसडीपीओ सदर-1 सुबोध कुमार के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया। इस टीम ने हाजीपुर जंक्शन के गेट नंबर दो के पास जाल बिछाकर अमरेश कुमार नामक व्यक्ति को धर दबोचा। अमरेश देसरी थाना क्षेत्र के नयागंज सोनर टोली का रहने वाला है।
पुलिस ने जब उसकी तलाशी ली, तो उसके कब्जे से 276.83 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। इसके अलावा, 3,170 रुपये नकद, दो मोबाइल फोन, एक रेल टिकट और दो आधार कार्ड भी मिले। बरामद हेरोइन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 55 लाख रुपये आंकी गई है।
पूछताछ में हुए अहम खुलासे
एसडीपीओ सुबोध कुमार ने बताया कि पूछताछ में अमरेश ने कई अहम जानकारियां दी हैं। उसने स्वीकार किया है कि वह पिछले छह महीनों में चार से पांच बार असम जा चुका है। वह मुख्य रूप से सिलचर और गुवाहाटी से ट्रेन के जरिए हेरोइन लाता था और वैशाली समेत आसपास के जिलों में इसकी सप्लाई करता था।
जांच में यह भी पता चला है कि आरोपी अपनी पहचान छिपाने के लिए एक फर्जी आधार कार्ड का इस्तेमाल करता था, जिसे वह असम के होटलों में ठहरने के दौरान दिखाता था। पुलिस अब उस व्यक्ति की भी तलाश कर रही है जिसने यह फर्जी कार्ड बनाया था।
नेटवर्क के अन्य सदस्यों पर शिकंजा
पुलिस को इस मामले में आरोपी के कुछ परिजनों की भी वित्तीय लेनदेन में संलिप्तता का संदेह है। साथ ही, देसरी इलाके के एक बड़े माफिया का नाम भी सामने आया है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम रवाना हो गई है। पुलिस का मानना है कि इस गिरोह का नेटवर्क वैशाली के अलावा अन्य जिलों में भी फैला हो सकता है और पूरे नेटवर्क का पता लगाने के लिए छापेमारी जारी है।
इनपुट: IANS



